मेरठ। सोनू हत्याकांड को लेकर राजनीति गरमाई हुई है। इसमें आने वाले प्रधानी चुनाव को लेकर भी कुछ लोग अपनी रोटी सेक रहे है और इस मामले को तूल दे रहे है। ऐसे लोगों पर पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने पिता-पुत्रों को नामजद करते हुए 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ निषेधाज्ञा का उल्लंघन करना, भीड़ जमा करने और हंगामा आदि की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
सोनू हत्याकांड को लेकर सात दिन बाद राजनीति गरमाने वाले पिता-पुत्रों के समेत 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ सरधना थाने में एसआई नितिन सारस्वत की तरफ मुकदमा दर्ज कराए गया है, जिसमें बताया गया है कि 13 जनवरी का ज्वाला गढ़ गांव में सोनू की मौत पर मौसी मदनमती पत्नी सोमपाल सिंह के घर लोगों की भीड़ जमा हुई थी। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। इस दौरान गांव के ही इंद्रपाल, उसके बेटे अंकित और गुड्डू आदि भाषणबाजी और शोर-शराबा कर रहे थे। पुलिस के समझाने के बाद भी नहीं माने और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की की, जबकि ज्वाला गढ़ और कपसाड़ में निषेधाज्ञा लागू है।
स्थिति बिगड़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान पता चला कि आरोपी इंद्रपाल प्रधान का चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे है और राजनीति चमकाने के लिए निषेधाज्ञा का उल्लंघन कर भीड़ को एकत्र किया था, जिसकी अनुमति नहीं ली गई थी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी को माहौल खराब करने का अधिकार नहीं है। अगर कोई करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।