उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के अंतिम दिन विधानसभा में गंभीर बहस के बीच हंसी का माहौल छा गया। नेता प्रतिपक्ष और समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता माता प्रसाद पांडेय ने अपने भाषण में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर तंज कसा। उन्होंने कहा, मैं तो सिर्फ 30-35 मिनट बोलता हूं, लेकिन मुख्यमंत्री को ढाई घंटे तक बोलना पड़ता है। इसलिए किताब छापकर दे दीजिए, कम बोलना पड़ेगा।
मजाकिया अंदाज ने माहौल को हल्का कर दिया
व्यंग्य सुनते ही सदन में ठहाके गूंज उठे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी जोर से हंस पड़े, जबकि अन्य विधायक भी मुस्कुराते नजर आए। माता प्रसाद पांडेय ने आगे शिक्षा, स्वास्थ्य, फीस वृद्धि और रोजगार जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरा, लेकिन उनके मजाकिया अंदाज ने माहौल को हल्का कर दिया।
सत्ता दोनों के लिए यादगार रहते हैं
सीएम योगी ने बाद में जवाब देते हुए माता प्रसाद की सरलता की तारीफ की और कहा कि कभी-कभी संगत का प्रभाव पड़ता है। उन्होंने शिवपाल यादव पर भी चुटकी ली। सदन में राजनीतिक तल्खी के बीच ऐसे हल्के पल विपक्ष और सत्ता दोनों के लिए यादगार रहते हैं।