महिला टी20 विश्व कप 2026 में भारत और पाकिस्तान के मुकाबले के दौरान एक अलग ही विवाद चर्चा में आ गया। सोशल मीडिया पर दावा किया गया कि जैसे-जैसे पाकिस्तान की हार तय होती गई, पाकिस्तान के सरकारी चैनल PTV ने लाइव मैच का प्रसारण बंद कर दिया। बताया जा रहा है कि मैच की जगह फीफा विश्व कप का मुकाबला दिखाया जाने लगा, जिसमें जर्मनी और कुराकाओ की टीमें आमने-सामने थीं। इस दावे को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई और कई यूजर्स ने वीडियो शेयर कर सवाल उठाए। हालांकि, इस मामले की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
भारत ने बल्ले से दिखाया दम
मैदान पर भारतीय महिला टीम का प्रदर्शन शानदार रहा। पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 170 रन बनाए। टीम की ओर से स्मृति मंधाना ने बेहतरीन बल्लेबाजी करते हुए 44 गेंदों में 68 रन बनाए। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने भी 36 रन की उपयोगी पारी खेली। वहीं आखिरी ओवरों में ऋचा घोष ने तूफानी अंदाज दिखाया और सिर्फ 17 गेंदों में 34 रन ठोक दिए। उनकी तेज पारी की बदौलत भारत ने अंतिम दो ओवरों में 38 रन जोड़कर पाकिस्तान के सामने बड़ा लक्ष्य रखा।
ऋचा की पारी ने बदला मैच
भारतीय टीम की पारी में सबसे बड़ा मोड़ डेथ ओवरों में देखने को मिला। जब मैच बराबरी की ओर बढ़ता नजर आ रहा था, तब ऋचा घोष ने आक्रामक बल्लेबाजी कर पाकिस्तान के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। उनके चौकों और छक्कों ने रनगति को तेजी से बढ़ाया। यही कारण रहा कि भारत 170 रन तक पहुंचने में सफल रहा। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि ऋचा की यह छोटी लेकिन प्रभावी पारी मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुई।
इसे भी पढ़ें : 10 रन की भारी गलती! Vipraj Nigam की चूक से India A को नुकसान, फिर भी Shedge संग खेली शानदार पारी
दीप्ति ने गेंद से मचाया कहर
171 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी पाकिस्तान की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी। पूरी टीम 17 ओवर में 106 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत की जीत की सबसे बड़ी हीरो दीप्ति शर्मा रहीं, जिन्होंने 4 ओवर में सिर्फ 10 रन देकर 5 विकेट झटक लिए। यह महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में किसी भारतीय गेंदबाज का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी बन गया। वहीं विश्व कप में पदार्पण कर रहीं श्री चरणी ने भी दो विकेट लेकर प्रभावित किया। भारत ने 64 रन की बड़ी जीत के साथ टूर्नामेंट में शानदार शुरुआत की, लेकिन मैच से ज्यादा चर्चा पाकिस्तान में लाइव प्रसारण हटाए जाने के दावे की होती रही।