रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शुक्रवार को कहा कि नॉर्थ अटलांटिक ट्रीटी ऑर्गनाइजेशन (नाटो) ने पूर्व की ओर विस्तार न करने के अपने वादों को लेकर रूस को कई बार धोखा दिया है। अपने वार्षिक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पुतिन ने कहा कि रूस की सीमाओं के पास नाटो के सैन्य ढांचे का बढ़ना मॉस्को के लिए एक वैध चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि रूस ने कभी नाटो में शामिल होने की संभावना पर भी चर्चा की थी, लेकिन बाद में यह स्पष्ट हो गया कि वहां रूस की सदस्यता अपेक्षित नहीं थी।
नई सुरक्षा व्यवस्था का निर्माण
पुतिन ने कहा कि यूरोप में एक नई सुरक्षा व्यवस्था का निर्माण आज भी “काफी प्रासंगिक” है, लेकिन किसी भी देश को अपने रक्षा साधन चुनते समय यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उससे अन्य देशों की सुरक्षा को खतरा न हो।
सुरक्षा सुनिश्चित करने के उपायों पर विचार
यूक्रेन को लेकर बोलते हुए रूसी राष्ट्रपति ने कहा कि रूस यूक्रेन में चुनावों के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने के उपायों पर विचार करने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, “कम से कम, हम यूक्रेनी क्षेत्र के भीतर गहराई तक हमले न करने पर विचार कर सकते हैं।”
बाहरी शासन व्यवस्था की बात पहले भी उठ चुकी
उन्होंने यह भी कहा कि यूक्रेन में चुनावों और किसी प्रकार की बाहरी शासन व्यवस्था की बात पहले भी उठ चुकी है। पुतिन के अनुसार, यह एक काल्पनिक विषय है और यदि ऐसी कोई इच्छा पश्चिमी देशों सहित कहीं से आती है, तभी इस पर विचार संभव है।