
मंगलवार को लोकसभा में नेता विपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी चंडीगढ़ पहुंचे. जहां उन्होंने आत्महत्या करने वाले हरियाणा के आईपीएस अफसर वाई पूरन कुमार के आवास पर पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी. इस दौरान कांग्रेस सांसद ने दिवंगत आईपीएस के परिजनों से भी मुलाकात की और उनका हाल-चाल जाना.
इस मामले में दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई करे सरकार- राहुल
वहीं दिवंगत IPS अधिकारी वाई. पूरन कुमार के परिवार से मुलाकात के बाद कांग्रेस सांसद मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि "आईपीएस का परिवार दलित है. उनके साथ सालों से भेदभाव किया जा रहा है. इस अधिकारी का अपमान करने के लिए, हतोत्साहित करने के लिए, करियर को नुकसान पहुंचाने के लिए दूसरे अधिकारी काम कर रहे थे. ये केवल एक परिवार का मामला नहीं है बल्कि देश में करोड़ों दलितों का मामला हैं. इस घटना से उनको गलत संदेश जा रहा है कि आप कितने भी सफल हो, अगर आप दलित हो तो आपको दबाया जा सकता है, कुचला जा सकता है, फेंका जा सकता है. मेरा प्रधानमंत्री और हरियाणा के मुख्यमंत्री को संदेश है कि आपने इस परिवार को जो वादा किया है, उसे पूरा कीजिए. दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई कीजिए और उन्हें गिरफ़्तारी कीजिए."
राहुल ने शोक संतृप्त परिजनों से की मुलाकात
दरअसल मीडिया से मुखातिब होने से पहले कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आईपीएस अफसर के परिवार से मुलाकात कर शोक संतृप्त परिजनों को ढांढस बंधाया. राहुल गांधी एयरपोर्ट पहुंचने के बाद सुबह 11.08 बजे पर पूरन कुमार के आवास पर पहुंचे थे. वहीं पूरन कुमार के कथित आत्महत्या मामले को लेकर हरियाणा सरकार की आलोचना के बीच राहुल गांधी का यह दौरा हुआ है.
DGP समेत 8 सीनियर अफसरों के खिलाफ छोड़ा नोट
साल 2001 बैच के आईपीएस अफसर ने 7 अक्टूबर को कथित तौर पर खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी. वहीं आठ पेज का फाइनल नोट, जो कथित तौर पर पूरन कुमार द्वारा लिखा गया था, जिसमें हरियाणा के डीजीपी शत्रुजीत कपूर समेत आठ सीनियर आईपीएस अफसरों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं. इन आरोपों के बीच रोहतक एसपी नरेंद्र बिजरानिया का भी तबादला कर दिया गया है. नोट में जातिगत भेदभाव, मानसिक उत्पीड़न, सार्वजनिक तौर पर अपमानित करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं. दिवंगत आईपीएस अधिकारी की पत्नी की मांग है कि एफआईआर में शत्रुजीत कपूर और बिजरानिया का नाम भी दर्ज किया जाए.