अगर आप ट्रेन से सफर करते हैं और आपकी उम्र 60 साल या उससे ज्यादा है, तो आपके लिए एक अच्छी खबर है. भारतीय रेलवे एक बार फिर वरिष्ठ नागरिकों (सीनियर सिटीजन्स) को ट्रेन टिकट में रियायत देने की तैयारी कर रहा है. इससे बुजुर्ग यात्रियों को आर्थिक राहत मिलेगी. बता दें कि कोरोना महामारी के समय यानी साल 2020 में रेलवे ने सभी तरह की किराया छूट को बंद कर दिया था. इसमें सीनियर सिटीजन्स को मिलने वाली रियायत भी शामिल थी. तब से लेकर अब तक बुजुर्गों को यह सुविधा नहीं मिल रही थी. लेकिन अब लगभग 5 साल बाद यह रियायत दोबारा शुरू हो सकती है.
संसद में रेल मंत्री ने क्या कहा?
शुक्रवार को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में बताया कि रेलवे की एक स्थायी समिति ने सुझाव दिया है कि वरिष्ठ नागरिकों को कम से कम स्लीपर और थर्ड एसी (3AC) क्लास में फिर से किराए में छूट दी जाए. रेल मंत्री ने कहा कि इस सिफारिश पर सरकार जल्द ही विचार करेगी और जरूरत पड़ी तो नीति स्तर पर बदलाव किया जाएगा.
कितनी मिलती है फिलहाल सब्सिडी?
रेल मंत्री के अनुसार, रेलवे पहले से ही सभी यात्रियों को औसतन 45 प्रतिशत की सब्सिडी दे रहा है. इसका मतलब है कि अगर किसी टिकट की कीमत 100 रुपये है, तो यात्री को औसतन केवल 55 रुपये देने होते हैं. उन्होंने बताया कि 2023-24 में रेलवे ने कुल 60,466 करोड़ रुपये की सब्सिडी यात्रियों को दी.
अभी किन यात्रियों को मिल रही छूट?
भले ही बुजुर्गों को मिलने वाली छूट फिलहाल बंद है, लेकिन दिव्यांग यात्रियों की 4 श्रेणियों, गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों की 11 श्रेणियों और छात्रों की 8 श्रेणियों को अब भी टिकट पर रियायत मिल रही है.
कब से मिलेगी बुजुर्गों को राहत?
अभी तक रेलवे ने यह साफ नहीं किया है कि वरिष्ठ नागरिकों को किराए में छूट कब से मिलेगी. हालांकि सूत्रों के अनुसार, रेलवे इस प्रस्ताव पर जल्द ही विचार-विमर्श शुरू करेगा और नीति स्तर पर फैसला लिया जा सकता है.
अगर यह योजना लागू होती है, तो सीनियर सिटीजन्स को ट्रेन टिकट में फिर से राहत मिलेगी, खासकर स्लीपर और थर्ड एसी क्लास में यात्रा करने वालों को. इससे उन्हें यात्रा में न सिर्फ सहूलियत होगी, बल्कि आर्थिक रूप से भी राहत महसूस होगी.