Weather Update: दिल्ली-NCR और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। सोमवार को दिल्ली-NCR के कई इलाकों में तेज बारिश के बाद जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक आने वाले दिनों में भी बादलों की आवाजाही और बारिश का दौर जारी रह सकता है।
दिल्ली-NCR में फिर बरसेंगे बादल
राजधानी दिल्ली और आसपास के नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद समेत NCR के कई हिस्सों में मौसम बदलता रहेगा। 24 अगस्त को हुई भारी बारिश ने कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित किया। सड़कों पर पानी भरने के कारण यातायात की रफ्तार थम गई, जबकि खराब मौसम का असर हवाई यातायात पर भी पड़ा। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में भी बारिश की गतिविधियां बने रहने का संकेत दिया है।
पश्चिमी यूपी में भी बारिश का असर
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में भी बादल सक्रिय रह सकते हैं। मेरठ, मुजफ्फरनगर, बागपत, गाजियाबाद, शामली और आसपास के क्षेत्रों में कहीं हल्की तो कहीं मध्यम बारिश देखने को मिल सकती है। स्थानीय स्तर पर गरज-चमक के साथ तेज बौछारें भी पड़ने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में निचले इलाकों में जलभराव और ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में अतिरिक्त पानी जमा होने की समस्या सामने आ सकती है।
30 अगस्त तक मौसम में बनी रहेगी हलचल
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 24 से 30 अगस्त के बीच देश के कई हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ के लिए बारिश का दौर पूरी तरह समाप्त होने के संकेत नहीं हैं। हालांकि हर दिन बारिश की तीव्रता एक जैसी नहीं रहेगी और कुछ स्थानों पर केवल हल्की या छिटपुट बारिश हो सकती है।
तेज बारिश के दौरान सावधानी जरूरी
बारिश के साथ कई स्थानों पर आंधी, बिजली चमकने और तेज हवाओं की स्थिति बन सकती है। ऐसे मौसम में वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। जलभराव वाली सड़कों से गुजरने से बचना बेहतर रहेगा। खुले मैदान, पेड़ या कमजोर ढांचों के आसपास खड़े होने से भी बचना चाहिए। मौसम में अचानक बदलाव की स्थिति में स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखना जरूरी है।
मौसम में उतार-चढ़ाव
कुल मिलाकर दिल्ली-NCR और पश्चिमी यूपी के लोगों को अगले कुछ दिनों तक उमस से राहत मिल सकती है, लेकिन बारिश के कारण जलभराव और यातायात संबंधी परेशानियां बनी रह सकती हैं। फिलहाल मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह कमजोर पड़ती नहीं दिख रही हैं और अगस्त के अंतिम सप्ताह में भी क्षेत्र के मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।