राजा रघुवंशी हत्याकांड में पुलिस ने एक और अहम सुराग हासिल करते हुए शनिवार देर रात बड़ा एक्शन लिया। केस के तार अब सीधे प्रॉपर्टी ब्रोकर शिलोम जेम्स से जुड़ते नजर आ रहे हैं। पुलिस को लंबे समय से जिस काले बैग की तलाश थी, वह शिलोम के पास से बरामद हुआ है। इस बैग में न केवल हत्या में प्रयुक्त पिस्टल, नकदी और जेवर थे, बल्कि यह पूरे साजिश का महत्वपूर्ण गवाह बन गया है। शिलोम की गिरफ्तारी के बाद केस में नया मोड़ आ गया है।
किराए पर फ्लैट दिलाकर आरोपी को दिया छिपने का ठिकाना
पुलिस जांच में सामने आया कि हत्याकांड की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को आरोपी विशाल चौहान ने जो फ्लैट दिलवाया, वह शिलोम जेम्स के जरिए किराए पर लिया गया था। शिलोम ने न केवल फ्लैट की व्यवस्था की, बल्कि हत्या के बाद सबूत छिपाने में भी मदद की। ऑटो चालक से मिली जानकारी के आधार पर यह पुष्टि हुई कि 3 मई को नंदबाग से एक बैग रैपिडो ऐप के जरिए भेजा गया था, जिसे हीराबाग में रिसीव किया गया।
सीसीटीवी फुटेज से हुआ पर्दाफाश
एसआईटी टीम ने 3 से 10 जून के बीच सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें शिलोम अपनी कार में काला बैग ले जाते हुए दिखाई दिया। यही बैग सोनम और राजा का था, जिसमें रखी गई थी – देसी पिस्टल, 5 लाख रुपये नकद, राजा की चेन, मोबाइल, सोनम के कपड़े और जेवर। जांच से यह भी स्पष्ट हुआ कि पहले हत्या की योजना गोली मारने की थी, जिसके लिए सिकलीगर से पिस्टल खरीदी गई थी, लेकिन बाद में प्लान बदलकर गला घोंटने का निर्णय लिया गया।
टोल नाके पर हुई गिरफ्तारी, कोर्ट में पेशी
जब एसआईटी ने शिलोम को पूछताछ के लिए बुलाया तो वह टाल-मटोल करने लगा और अंततः फोन बंद कर फरार हो गया। पुलिस ने सूचना के आधार पर टोल नाके पर घेराबंदी की और शिलोम को गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में उसने कबूला कि बैग उसी के घर में छिपा था। मेडिकल जांच के बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया और जेल भेज दिया गया।
शिलोम को बनाया गया सह-अभियुक्त, शिलांग ले जाने की तैयारी
अब तक की जांच में यह साबित हो चुका है कि शिलोम ने न केवल आरोपी को छिपाया, बल्कि सबूत भी छिपाए। इस कारण उसे केस में सह-अभियुक्त बनाया गया है। आगे की जांच के लिए पुलिस अब उसे शिलांग ले जाने की तैयारी में है, जहां हत्याकांड की कई कड़ियाँ जुड़ती हैं।