कारगिल विजय दिवस के अवसर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने द्रास स्थित कारगिल युद्ध स्मारक पर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भारत की नीति स्पष्ट है और भविष्य में पाकिस्तान के साथ यदि कोई बातचीत होगी तो वह केवल पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के मुद्दे पर होगी। रक्षा मंत्री ने आतंकवाद, घुसपैठ और राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर भी पाकिस्तान पर तीखा हमला बोला।
कारगिल के वीरों को दी श्रद्धांजलि
कारगिल विजय दिवस पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने द्रास स्थित कारगिल युद्ध स्मारक पहुंचकर वर्ष 1999 के कारगिल युद्ध में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धासुमन अर्पित किए। उन्होंने देश की रक्षा के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को नमन करते हुए कहा कि उनका साहस और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
पाकिस्तान को दोटूक संदेश
समारोह को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि भारत की ओर से पाकिस्तान के साथ यदि भविष्य में कोई बातचीत होगी तो उसका विषय केवल पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) होगा। उन्होंने कहा कि भारत अपने राष्ट्रीय हितों और संप्रभुता से जुड़े मुद्दों पर स्पष्ट और दृढ़ रुख रखता है तथा इसमें किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
आतंकवाद पर पाकिस्तान को घेरा
राजनाथ सिंह ने कहा कि पाकिस्तान ने आतंकवाद को अपनी सरकारी नीति का हिस्सा बना लिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि वहां सेना और आतंकवादी संगठनों के बीच अंतर करना मुश्किल हो गया है। रक्षा मंत्री ने कहा कि घुसपैठ की कोशिशें आज भी जारी हैं, इसलिए देश को लगातार सतर्क रहने की आवश्यकता है।
'ऑपरेशन सिंदूर' का किया उल्लेख
रक्षा मंत्री ने अपने संबोधन में 'ऑपरेशन सिंदूर' का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यह केवल सैन्य और कूटनीतिक सफलता नहीं थी, बल्कि भारतीय सशस्त्र बलों के साहस, रणनीतिक क्षमता और बलिदान का भी प्रमाण है। उन्होंने कहा कि भारतीय सैनिक हर चुनौती का डटकर सामना करने में सक्षम हैं।
PoK को बताया भारत का अभिन्न हिस्सा
अपने संबोधन में राजनाथ सिंह ने दोहराया कि पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है, जिस पर पाकिस्तान ने अवैध कब्जा कर रखा है। उन्होंने कहा कि भारत अपनी संप्रभुता और राष्ट्रीय अखंडता की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कार्यक्रम के दौरान लद्दाख के उपराज्यपाल सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों ने भी कारगिल के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।