सर्बिया के 25 अक्टूबर को हुए समयपूर्व संसदीय चुनावों के लिए पुनर्मतदान (री-पोलिंग) रविवार को 53 मतदान केंद्रों पर शुरू हुआ। यह जानकारी सर्बिया के रिपब्लिक इलेक्टोरल कमीशन (आरआईके) ने दी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, आरआईके ने 31 ऐसे मतदान केंद्रों पर दोबारा वोटिंग का आदेश दिया था, जहां चुनाव परिणाम तय नहीं हो सके थे। इसके अलावा, 22 केंद्रों पर मतदान रद्द कर दिया गया था, इसलिए वहां भी फिर से मतदान कराया गया।
52.71 प्रतिशत वोट मिले हैं
सोमवार को जारी प्रारंभिक नतीजों के अनुसार, देश के 8,392 में से 8,187 मतदान केंद्रों के आंकड़ों के आधार पर छात्र समर्थित गठबंधन 'स्टूडेंट लिस्ट-स्टूडेंट्स आर विनिंग' को 52.71 प्रतिशत वोट मिले हैं। वहीं, 'अलेक्जेंडर वुसिक-यूनाइटेड सर्बिया' सूची, जिसका नेतृत्व सर्बियन प्रोग्रेसिव पार्टी कर रही है, को 39.17 प्रतिशत वोट मिले हैं।
8,392 मतदान केंद्र स्थापित किए गए
सर्बिया में समय से पहले 25 अक्टूबर को संसदीय चुनाव आयोजित किए गए थे, जिसमें 18 चुनावी सूचियों के तहत 2,418 उम्मीदवारों ने नेशनल असेंबली की 250 सीटों के लिए मुकाबला किया। चुनाव में लगभग 64.5 लाख मतदाता पंजीकृत थे और देशभर में 8,392 मतदान केंद्र स्थापित किए गए थे। प्रारंभिक परिणाम 8,187 मतदान केंद्रों से प्राप्त आंकड़ों पर आधारित थे।
सर्बिया के संविधान के अनुसार, नई नेशनल असेंबली के गठन के बाद नई सरकार बनाने की प्रक्रिया शुरू होगी। सांसदों की ओर से नए संसद अध्यक्ष के चुनाव के बाद, संसद अध्यक्ष, जो फिलहाल कार्यवाहक राष्ट्रपति की जिम्मेदारी भी संभाल रहे हैं, प्रधानमंत्री पद के लिए एक उम्मीदवार का नाम प्रस्तावित करेंगे।
संसद के सामने पेश करनी होगी
इसके बाद प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार को अपना सरकारी कार्यक्रम और मंत्रिमंडल की प्रस्तावित सूची संसद के सामने पेश करनी होगी। सरकार बनाने के लिए उसे राष्ट्रीय विधानसभा के बहुमत सांसदों का समर्थन हासिल करना होगा। 5 सितंबर को तत्कालीन राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुसिक ने सर्बियन प्रोग्रेसिव पार्टी (एसएनएस) की ओर से संसदीय चुनाव सूची का नेतृत्व करने और प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार बनने के प्रस्ताव को स्वीकार किया था।
इसके बाद उन्होंने 9 सितंबर को संसद भंग करने का आदेश जारी किया और 25 अक्टूबर को समय से पहले संसदीय चुनाव कराने की घोषणा की। वुसिक ने 27 सितंबर को राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद राष्ट्रीय विधानसभा की अध्यक्ष आना ब्रनाबिच ने कार्यवाहक राष्ट्रपति का पद संभाल लिया। सर्बियाई कानून के अनुसार, देश में दिसंबर के अंत तक राष्ट्रपति चुनाव भी कराया जाना जरूरी है।