दिल्ली बीजेपी चीफ वीरेंद्र सचदेवा ने कहा है कि आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा को राज्यसभा उपनेता पद से हटाना और उनकी जगह अशोक मित्तल को नियुक्त करना अरविंद केजरीवाल के कमजोर नेतृत्व का संकेत है। सचदेवा ने कहा कि राघव चड्ढा ने अरविंद केजरीवाल के अराजक और भ्रष्ट नेतृत्व से दूरी बना ली है।
आम आदमी पार्टी की नींव रहे
सचदेवा ने आगे कहा कि पहले स्वाति मालीवाल और अब राघव चड्ढा, जो आम आदमी पार्टी की नींव रहे हैं, अरविंद केजरीवाल से दूर हो गए हैं। उन्होंने कहा कि संभव है कि कुछ अन्य लोग भी आम आदमी पार्टी के दैनिक कार्यों से दूरी बना चुके हों।
कोई आधिकारिक वजह नहीं बताई
राघव चड्ढा को राज्यसभा उपनेता पद से हटाने की वजह पार्टी के भीतर अनुशासन और लाइन से जुड़ी चिंताओं को बताया जा रहा है। हालांकि, आम आदमी पार्टी ने इस फैसले की कोई आधिकारिक वजह नहीं बताई है।
कार्यशैली को लेकर पार्टी के अंदर असहजता
राघव चड्ढा को आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा में उपनेता पद से हटा दिया है, और उनकी जगह अशोक मित्तल को नियुक्त किया है। यह फैसला पार्टी के भीतर अनुशासन और लाइन से जुड़ी चिंताओं को बताया जा रहा है। राघव चड्ढा की बढ़ती लोकप्रियता और उनकी कार्यशैली को लेकर पार्टी के अंदर असहजता थी। राघव चड्ढा के भविष्य की राजनीति के बारे में अटकलें लगाई जा रही हैं, लेकिन आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने कहा है कि राघव चड्ढा का पार्टी छोड़ने का कोई सवाल नहीं है।
राघव चड्ढा के हटाए जाने के कारण
पार्टी लाइन का पालन न करना, कुछ मुद्दों पर चुप्पी साधना, अपनी अलग पहचान बनाने की कोशिश है।
आम आदमी पार्टी के इस फैसले का प्रभाव
पार्टी के भीतर अनुशासन को मजबूत करने का संकेतराघव चड्ढा की लोकप्रियता को कम करने का प्रयासपार्टी के नेतृत्व में बदलाव की संभावना है।