Rinku Singh Virat Rohit 2027 : टीम इंडिया के युवा बल्लेबाज रिंकू सिंह ने पहली बार विराट कोहली और रोहित शर्मा के 2027 वनडे वर्ल्ड कप को लेकर खुलकर प्रतिक्रिया दी है। रिंकू ने कहा कि सिर्फ उन्हें ही नहीं, बल्कि पूरे देश को उम्मीद है कि विराट और रोहित 2027 वर्ल्ड कप में खेलेंगे और भारत को खिताब दिलाने वाली टीम का हिस्सा बनेंगे। उनके इस बयान के बाद क्रिकेट जगत में नई चर्चा शुरू हो गई है।
विराट-रोहित को बताया दिग्गज
रिंकू सिंह ने बातचीत के दौरान दोनों खिलाड़ियों की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि विराट कोहली और रोहित शर्मा भारतीय क्रिकेट के सबसे बड़े नामों में शामिल हैं। रिंकू के मुताबिक दोनों खिलाड़ियों का अनुभव और योगदान टीम इंडिया के लिए बेहद अहम रहा है और आने वाले बड़े टूर्नामेंट में भी उनकी मौजूदगी खास मायने रख सकती है।
‘शायद आखिरी वर्ल्ड कप हो’
रिंकू ने कहा कि 2027 का वर्ल्ड कप दोनों दिग्गजों के लिए खास हो सकता है। उन्होंने कहा कि कौन जानता है यह उनका आखिरी वर्ल्ड कप हो, इसलिए अगर वे भारत को चैंपियन बनाने में सफल होते हैं तो यह उनके करियर का यादगार पल होगा। रिंकू ने उम्मीद जताई कि दोनों खिलाड़ी टीम के साथ रहेंगे और ट्रॉफी जीतने में अहम भूमिका निभाएंगे।
2011 के बाद खिताब का इंतजार
युवा बल्लेबाज ने कहा कि भारत ने आखिरी बार 2011 में वनडे वर्ल्ड कप जीता था। ऐसे में देश के करोड़ों क्रिकेट प्रशंसक एक और विश्व कप जीत का इंतजार कर रहे हैं। रिंकू का मानना है कि अगर विराट और रोहित जैसी अनुभवी जोड़ी टीम में रहती है तो भारतीय टीम को मजबूती मिलेगी।
सिर्फ टी20 खिलाड़ी नहीं हैं रिंकू
रिंकू सिंह को अक्सर टी20 स्पेशलिस्ट बल्लेबाज माना जाता है, लेकिन उन्होंने इस धारणा को गलत बताया। रिंकू ने कहा कि लोग उन्हें सिर्फ एक फॉर्मेट का खिलाड़ी समझते हैं, जबकि उन्होंने घरेलू क्रिकेट में वनडे और चार दिवसीय मैचों में भी अच्छा प्रदर्शन किया है। उनका कहना है कि वह तीनों फॉर्मेट खेलने की क्षमता रखते हैं।
इसे भी पढे़ं : Rashid Khan से छिना नंबर-1 का ताज, पाकिस्तानी गेंदबाज ने मारी बाजी, भारतीय स्टार को भी हुआ नुकसान
टेस्ट क्रिकेट खेलने का सपना
रिंकू सिंह ने साफ कहा कि भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलना उनका बड़ा सपना है। उन्होंने कहा कि घरेलू क्रिकेट में वह लगातार सभी फॉर्मेट खेलते हैं और भविष्य में टेस्ट टीम में जगह बनाना चाहते हैं। फिलहाल वह भारत के लिए सीमित ओवरों के क्रिकेट में खेल रहे हैं, लेकिन उनकी नजरें लाल गेंद के क्रिकेट पर भी टिकी हुई हैं।