UP BJP president intensify: उत्तर प्रदेश बीजेपी के नए प्रदेश अध्यक्ष को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी ने दिल्ली में लगातार दो अहम मुलाकातें कीं—पहले गुरुवार को संसद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से और फिर उसके बाद गृह मंत्री अमित शाह से। इन बैठकों को संगठनात्मक बदलाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। चर्चा है कि इस हफ्ते ही यूपी बीजेपी के नए अध्यक्ष का ऐलान संभव है। वहीं, यह भी कयास लगाए जा रहे हैं कि पार्टी शायद एक बार फिर भूपेंद्र चौधरी पर ही भरोसा जताकर उन्हें दोबारा कमान सौंप दे।
दिल्ली दौरे ने बढ़ाई हलचल
भूपेंद्र चौधरी के साथ-साथ उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य भी दिल्ली में मौजूद हैं, जिससे अटकलों का बाजार और गर्म हो गया है। बताया जा रहा है कि वे भी कुछ प्रमुख नेताओं से मुलाकात कर सकते हैं। करीब एक साल से यूपी में संगठनात्मक फेरबदल की चर्चा जारी है, लेकिन अंतिम फैसला अब तक नहीं हो पाया। इन मुलाकातों को इस दिशा में अंतिम चरण की गतिविधियों के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों का कहना है कि पार्टी उच्च नेतृत्व जल्द ही इस पर मुहर लगाने के मूड में है।
दावेदारों की लंबी सूची
प्रदेश अध्यक्ष के चयन की जिम्मेदारी केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल को दी गई है। उनके लखनऊ पहुंचने के बाद नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी और 14 दिसंबर से पहले नए अध्यक्ष का नाम सामने आने की संभावना जताई जा रही है। संभावित दावेदारों में योगी सरकार के मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह, केंद्रीय मंत्री बीएल वर्मा, विद्यासागर सोनकर, असम प्रभारी हरीश द्विवेदी, गोविंद नारायण शुक्ला, राज्यसभा सांसद दिनेश शर्मा और पूर्व सांसद साध्वी निरंजन ज्योति शामिल हैं। अब सबकी नजर इस पर है कि पार्टी अनुभव पर जोर देती है या संगठन में नई ऊर्जा लाने के लिए किसी नए चेहरे को मौका देती है।