टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सेमीफाइनल में टीम इंडिया ने इंग्लैंड को 7 रन से हराकर फाइनल में जगह बना ली। इस मुकाबले में संजू सैमसन ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 42 गेंदों में 89 रन बनाए और भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई। लेकिन मैच का एक बड़ा मोड़ तब आया जब इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने उनका कैच छोड़ दिया। उस समय सैमसन सिर्फ 15 रन पर खेल रहे थे। इसके बाद उन्होंने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया।
कैच छूटने से बदल गया मैच का रुख
क्रिकेट में अक्सर कहा जाता है कि कैच छोड़ना मैच छोड़ने के बराबर होता है। यही बात इस मुकाबले में भी देखने को मिली। अगर उस समय संजू सैमसन आउट हो जाते तो मैच का नतीजा शायद अलग हो सकता था। लेकिन उन्हें मिले इस जीवनदान का उन्होंने पूरा फायदा उठाया और टीम इंडिया को बड़े स्कोर तक पहुंचा दिया।
टी20 विश्व कप 2021 में भी हुआ ऐसा
क्रिकेट इतिहास में यह पहला मौका नहीं है जब कैच छूटने से मैच का नतीजा बदल गया हो। टी20 वर्ल्ड कप 2021 के सेमीफाइनल में पाकिस्तान के तेज गेंदबाज हसन अली ने ऑस्ट्रेलिया के मैथ्यू वेड का अहम कैच छोड़ दिया था। उस समय ऑस्ट्रेलिया को जीत के लिए कुछ ही रन चाहिए थे। कैच छूटने के बाद वेड ने लगातार तीन छक्के लगाकर मैच खत्म कर दिया और पाकिस्तान टूर्नामेंट से बाहर हो गया।
1992 विश्व कप फाइनल का बड़ा मोड़
1992 के विश्व कप फाइनल में भी एक ऐसा ही पल देखने को मिला था। इंग्लैंड के खिलाड़ी ग्राहम गूच ने पाकिस्तान के कप्तान इमरान खान का कैच तब छोड़ दिया था जब वह सिर्फ 9 रन पर खेल रहे थे। इसके बाद इमरान खान ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 72 रन बनाए और पाकिस्तान ने वह मुकाबला जीतकर विश्व कप का खिताब अपने नाम कर लिया।
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1999 विश्व कप में गिब्स की गलती
1999 के विश्व कप में दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ी हर्शल गिब्स से भी एक बड़ी गलती हुई थी। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के कप्तान स्टीव वॉ का कैच 56 रन पर छोड़ दिया था। इसके बाद स्टीव वॉ ने शानदार शतक लगाया और अपनी टीम को जीत दिला दी। इस जीत ने ऑस्ट्रेलिया को आगे बढ़ने का मौका दिया और टूर्नामेंट का पूरा समीकरण बदल गया।
अन्य बड़े मुकाबलों में भी हुआ ऐसा
विश्व कप इतिहास में ऐसे कई मौके आए हैं जब कैच छूटने से टीम को भारी नुकसान उठाना पड़ा। 1975 के पहले विश्व कप फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाड़ी ने क्लाइव लॉयड का कैच छोड़ दिया था और उन्होंने शतक लगाकर मैच जीत लिया। वहीं 2007 टी20 विश्व कप फाइनल में पाकिस्तान के खिलाड़ी मोहम्मद हफीज ने रोहित शर्मा का अहम कैच गिरा दिया था, जिसके बाद भारत ने वह मुकाबला जीतकर इतिहास रच दिया था।