Maduro arrest sparks uproar: वेनेजुएला को लेकर एक बेहद सनसनीखेज दावा सामने आया है, जिसमें कहा जा रहा है कि अमेरिकी सेना ने राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को आधी रात एक सैन्य परिसर से हिरासत में ले लिया। सूत्रों के हवाले से आई जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई राजधानी काराकास के एक हाई-सिक्योरिटी सैन्य अड्डे में की गई। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि अब तक नहीं हो सकी है, लेकिन खबर सामने आने के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हलचल तेज हो गई है। वेनेजुएला में पहले से ही अमेरिका के साथ तनावपूर्ण हालात बने हुए हैं।
आधी रात ऑपरेशन का दावा
सूत्रों के अनुसार, अमेरिकी विशेष बलों ने एक गुप्त सैन्य अभियान के तहत राष्ट्रपति मादुरो के सुरक्षा घेरे को भेदते हुए उनके आवास तक पहुंच बनाई। दावा किया गया है कि यह ऑपरेशन बिना किसी अमेरिकी सैनिक के हताहत हुए पूरा किया गया। बताया जा रहा है कि मादुरो और उनकी पत्नी उस वक्त सैन्य अड्डे के भीतर स्थित अपने निवास में मौजूद थे। अमेरिकी पक्ष से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि मादुरो को अमेरिका ले जाया जा रहा है, जहां उनके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
ट्रंप द्वारा रियल टाइम निगरानी और वेनेजुएला की प्रतिक्रिया
इन दावों के बीच यह भी कहा जा रहा है कि तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस पूरे अभियान को सैन्य अधिकारियों के साथ रियल टाइम में देखा। वहीं, वेनेजुएला की सत्तारूढ़ पार्टी के नेताओं ने इस कथित कार्रवाई को “अपहरण” करार देते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी है। उनका आरोप है कि सैन्य ठिकाने पर पहले हमला किया गया और फिर राष्ट्रपति व प्रथम महिला को जबरन बाहर ले जाया गया। इस घटनाक्रम को लेकर अब तक आधिकारिक तौर पर कोई विस्तृत पुष्टि सामने नहीं आई है, लेकिन इसने लैटिन अमेरिका समेत पूरी दुनिया में राजनीतिक और कूटनीतिक बहस को तेज कर दिया है।