टीम इंडिया के युवा कप्तान शुभमन गिल के लिए 14 नवंबर से शुरू हो रही साउथ अफ्रीका टेस्ट सीरीज़ सिर्फ एक मुकाबला नहीं, बल्कि करियर का सबसे बड़ा मोड़ बन सकती है। भारत जहां वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में टॉप-2 में जगह पक्की करने के इरादे से उतर रहा है, वहीं गिल के सामने एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड बनाने का सुनहरा मौका है। वह इस साल 2000 इंटरनेशनल रन पूरे करने से सिर्फ 272 रन दूर हैं। खास बात यह है कि अगर वे यह उपलब्धि हासिल कर लेते हैं तो गिल भारतीय क्रिकेट इतिहास में सिर्फ चौथे ऐसे बल्लेबाज़ होंगे जिनके नाम यह रिकॉर्ड दर्ज होगा—और वो भी बिना एक भी बार शून्य पर आउट हुए। अब तक विराट कोहली, सचिन तेंदुलकर और राहुल द्रविड़ ही ऐसा कर पाए हैं।
गिल के सामने करियर का सबसे बड़ा मौका
विराट कोहली ने 2016 में बिना डक हुए 2595 रन बनाकर यह रिकॉर्ड बनाया था। सचिन तेंदुलकर ने 1998 में 2541 रन और राहुल द्रविड़ ने 2002 में 2270 रन जोड़े थे। अब शुभमन गिल इसी लीजेंडरी लिस्ट में शामिल होने की कगार पर हैं। गिल ने 2025 में अभी तक एक भी बार शून्य का सामना नहीं किया है, जिससे उनके इस रिकॉर्ड के बेहद करीब होने की संभावना और बढ़ जाती है। अगर वह साउथ अफ्रीका के खिलाफ दोनों टेस्ट मैचों में फॉर्म दिखाते हैं, तो भारतीय क्रिकेट की महान पंक्ति में उनका नाम भी दर्ज हो जाएगा। क्रिकेट विशेषज्ञ पहले ही कह चुके हैं कि गिल आने वाले वर्षों में भारत की बल्लेबाज़ी का भविष्य बनने जा रहे हैं।
टेस्ट में गिल का तूफ़ानी प्रदर्शन
साल 2025 शुभमन गिल के लिए करियर का सबसे बेहतरीन साल साबित हुआ है। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में जबरदस्त प्रदर्शन दिखाते हुए 8 मैचों की 15 पारियों में 69.92 की औसत से 979 रन बनाए हैं, जिसमें 5 शतक और 1 अर्धशतक शामिल हैं। उनकी सबसे बड़ी पारी 269 रन की रही है, जिसे क्रिकेट जगत अब तक की उनकी सबसे परफ़ेक्ट टेस्ट इनिंग बताता है। वनडे में उन्होंने इस साल 490 रन और टी20 में 259 रन बनाए हैं। हर फॉर्मेट में उनकी निरंतरता और तकनीक ने उन्हें भारतीय बल्लेबाज़ी का नया स्तंभ बना दिया है।
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दिखेगा ‘गिल स्टॉर्म’?
अब नजरें टिकी हैं 14 नवंबर की उस पहली गेंद पर, जब शुभमन गिल दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मैदान में उतरेंगे। अगर वह इस सीरीज़ में रन बरसाते हैं, तो भारत को WTC में बढ़त मिलेगी, और गिल अपने नाम एक ऐसा रिकॉर्ड दर्ज कर लेंगे जिसे दो दशकों में सिर्फ तीन भारतीय छू पाए हैं।