राजा रघुवंशी हत्याकांड में पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। क्राइम ब्रांच की टीम को इंदौर के एक नाले से सोनम रघुवंशी का लैपटॉप बरामद हुआ है। इस
लैपटॉप में राजा की हत्या की प्लानिंग से जुड़ी अहम जानकारी होने की उम्मीद जताई जा रही है।
शिलांग हनीमून से शुरू हुआ था हत्याकांड
23 मई को इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की शिलांग में हत्या कर दी गई थी। वह पत्नी सोनम के साथ हनीमून पर गए थे। लेकिन अचानक खबर आई कि राजा को 200 फीट गहरी खाई में धक्का दे दिया गया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि हत्या की इस साजिश में खुद उसकी पत्नी सोनम और उसके प्रेमी राज समेत कुल 5 आरोपी शामिल थे।
शिलोम ने बताई लैपटॉप की लोकेशन
बीते दो दिन से सोनम के लैपटॉप की तलाश जारी थी। बुधवार सुबह पुलिस ने आरोपी शिलोम को साथ लेकर इंदौर के एक नाले में तलाशी अभियान चलाया, जहां से वही लैपटॉप मिला जिसे वारदात के बाद आरोपी ने फेंका था। शिलोम ने इस बात की पुष्टि भी कर दी कि यह वही डिवाइस है।
डिजिटल डाटा से खुलेगा साजिश का पर्दा
अब पुलिस की टेक्निकल टीम इस लैपटॉप के डाटा की जांच में जुट गई है। कॉल रिकॉर्ड्स, चैट्स और मेल्स के जरिए यह जानने की कोशिश हो रही है कि हत्या की योजना कब, कैसे और किसके निर्देश पर बनाई गई थी। पुलिस को उम्मीद है कि लैपटॉप से उन सवालों के जवाब मिल सकते हैं, जो अब तक अनसुलझे हैं।
परिवार की मांग—हो नार्को टेस्ट
राजा रघुवंशी के परिजनों का कहना है कि अब तक हत्या की असली वजह सामने नहीं आई है। उन्होंने कोर्ट में याचिका दाखिल कर आरोपियों के नार्को टेस्ट की मांग की है। परिवार का दावा है कि सोनम ने अपने प्रेमी राज और उसके दोस्तों के साथ मिलकर यह प्लान तैयार किया था। कहा जा रहा है कि हत्या के लिए पिस्टल भी पहले से भेजी गई थी।
अब कोर्ट में पेश होंगे डिजिटल सबूत
इस केस में गिरफ्तार पांचों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जा चुका है। पुलिस का कहना है कि लैपटॉप से मिले डाटा को अगली सुनवाई में पेश किया जाएगा। इसके अलावा सोनम के कुछ करीबी दोस्तों से भी पूछताछ की जा रही है, ताकि हत्या के पीछे की असली वजह पूरी तरह सामने लाई जा सके।
यह केस अब एक बार फिर तेजी से नया मोड़ लेता नजर आ रहा है। आने वाले दिनों में यह लैपटॉप कई बड़े खुलासों की कुंजी साबित हो सकता है।