SP gears up ahead of UP elections: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भारतीय जनता पार्टी और चुनाव आयोग पर निशाना साधा। इस दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई नेताओं ने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ली। प्रेस कॉन्फ्रेंस में सपा की ओर से काले मटके रखे गए, जिन पर वोट चोरी और भ्रष्टाचार जैसे नारे लिखे थे। अखिलेश यादव ने मतदाता सूची में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए 2027 के विधानसभा चुनाव में जीत का दावा किया।
पश्चिमी यूपी के कई नेताओं ने थामा सपा का दामन
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राजपाल सैनी, हरबीर मलिक, पवन सैनी, शुभेंद्र आचार्य, संजीव प्रधान, राजेंद्र मलिक, विजेंद्र मलिक, शुभम मलिक और राजनेंद्र सिंह समेत कई नेताओं के सपा में शामिल होने की जानकारी दी गई। इस मौके पर सांसद इकरा हसन भी मौजूद रहीं। पार्टी ने इन नेताओं के शामिल होने को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अपनी राजनीतिक गतिविधियों के लिहाज से अहम बताया।
काले मटकों के जरिए बीजेपी पर साधा निशाना
सपा कार्यालय में रखे गए काले मटकों पर वोट चोरी, भ्रष्टाचार और जीएसटी जैसे मुद्दे लिखे गए थे। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि बीजेपी के कार्यकाल में कई अनियमितताएं हुई हैं और मतदाता सूची में गड़बड़ी की जा रही है। उन्होंने चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाए। हालांकि, वोट चोरी और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर लगाए गए ये आरोप सपा अध्यक्ष के दावे हैं।
फर्जी वोटरों को लेकर अखिलेश ने उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने विकास यादव नाम के एक युवक का उदाहरण देते हुए दावा किया कि उसके नाम पर 10 वोट बनाए गए हैं। उन्होंने आशंका जताई कि ऐसी गड़बड़ियों का इस्तेमाल चुनाव में किया जा सकता है। अखिलेश ने मतदाता सूची की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है।
2027 चुनाव को लेकर सपा ने जताया भरोसा
सपा सांसद हरेंद्र मलिक ने कहा कि किसान और पीडीए वर्ग के युवा पार्टी की ओर उम्मीद से देख रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में सपा की सरकार बनने पर गन्ना किसानों का भुगतान 24 घंटे के भीतर किया जाएगा। वहीं, अखिलेश यादव ने एसआईआर और ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ जैसे मुद्दों पर बीजेपी की आलोचना की। उन्होंने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आवाज उठाते रहेंगे और 2027 के चुनाव की तैयारी करेंगे।