2026 का फाइनलिस्सिमा मुकाबला स्पेन और अर्जेंटीना के बीच खेला जाना था, लेकिन अब इसे रद्द कर दिया गया है। यह मैच 27 मार्च को कतर की राजधानी दोहा में होना तय था। दुनिया भर के फुटबॉल प्रशंसक इस मुकाबले का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। लेकिन मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव और युद्ध जैसी स्थिति के कारण आयोजकों ने सुरक्षा को देखते हुए मैच को रद्द करने का फैसला लिया।
दो बड़ी चैंपियन टीमों का मुकाबला था तय
यह मुकाबला इसलिए भी खास माना जा रहा था क्योंकि इसमें यूरोप और दक्षिण अमेरिका की चैंपियन टीमें आमने-सामने आने वाली थीं। स्पेन ने 2024 में यूरो कप जीता था, जबकि अर्जेंटीना ने उसी साल कोपा अमेरिका का खिताब अपने नाम किया था। इसी वजह से दोनों टीमों के बीच यह मैच काफी बड़ा माना जा रहा था और इसे फुटबॉल का एक बड़ा आयोजन समझा जा रहा था।
मेसी और यमाल की टक्कर का इंतजार
फैंस इस मुकाबले का इंतजार इसलिए भी कर रहे थे क्योंकि इसमें लियोनेल मेसी और स्पेन के युवा स्टार लमीन यमाल पहली बार एक-दूसरे के खिलाफ मैदान में उतर सकते थे। यमाल इस समय बार्सिलोना के उभरते सितारों में गिने जाते हैं, जबकि मेसी ने अपने करियर का बड़ा हिस्सा भी इसी क्लब के साथ बिताया है। दिलचस्प बात यह भी है कि कुछ समय पहले एक पुरानी तस्वीर सामने आई थी जिसमें मेसी छोटे यमाल को नहलाते हुए नजर आए थे।
दूसरे स्थानों पर मैच कराने की कोशिश
मैच रद्द करने से पहले आयोजकों ने कई विकल्पों पर विचार किया था। मेड्रिड और ब्यूनस आयर्स जैसे शहरों में भी मुकाबला कराने की संभावना पर चर्चा हुई। यहां तक कि यह भी सोचा गया कि मैच को दो अलग-अलग शहरों में दो चरणों में खेला जाए। लेकिन इन सभी विकल्पों पर दोनों टीमों और आयोजकों के बीच सहमति नहीं बन सकी।
इसे भी पढ़ें : IPL 2026 से पहले KKR को बड़ा झटका! Harshit Rana की चोट ने बढ़ाई चिंता
यूएफा ने जारी किया आधिकारिक बयान
स्पेन और अर्जेंटीना के बीच मुकाबला रद्द होने के बाद यूएफा ने आधिकारिक बयान जारी किया। संगठन ने कहा कि क्षेत्र में मौजूदा राजनीतिक हालात और सुरक्षा चिंताओं के कारण कतर में इस मैच का आयोजन संभव नहीं है। यूएफा और स्थानीय आयोजन समिति के बीच लंबे समय तक चर्चा हुई, लेकिन अंत में मैच को रद्द करने का ही फैसला लेना पड़ा।
नई तारीख तय करने की कोशिश भी नाकाम
आयोजकों ने मुकाबले के लिए नई तारीख तय करने की भी कोशिश की थी। अर्जेंटीना ने मार्च के अंत में अलग-अलग तारीखों पर खेलने का सुझाव दिया था। इसके अलावा वर्ल्ड कप के बाद मैच कराने की बात भी सामने आई। लेकिन स्पेन के कार्यक्रम में जगह नहीं होने के कारण यह योजना भी सफल नहीं हो सकी। आखिरकार सभी विकल्प खत्म होने के बाद इस बड़े मुकाबले को पूरी तरह रद्द करना पड़ा।