लखनऊ। मुरादाबाद में समाजवादी पार्टी की अंदरूनी गुटबाजी एक बार फिर चर्चा में है। पिछले लोकसभा चुनाव के समय से चली आ रही खींचतान के बीच पूर्व सांसद एसटी हसन और मौजूदा सांसद रुचि वीरा के बीच मतभेद फिर उभरते दिखाई दे रहे हैं। मंगलवार को सामने आए घटनाक्रम ने स्थानीय संगठन में दोनों नेताओं के समर्थकों के अलग-अलग खेमों में सक्रिय होने की चर्चा को फिर हवा दे दी है।
मुरादाबाद की सियासत में एसटी हसन और रुचि वीरा दोनों का अपना राजनीतिक प्रभाव है। लोकसभा चुनाव के बाद से ही दोनों पक्षों के बीच संबंधों को लेकर सवाल उठते रहे हैं। समय-समय पर सामने आने वाले बयान और राजनीतिक गतिविधियां इस दूरी को और स्पष्ट करती रही हैं। अब एक बार फिर दोनों नेताओं के बीच पाला खिंचा नजर आने से पार्टी के भीतर खेमेबाजी की चर्चा तेज हो गई है।
स्थानीय सपा नेताओं और कार्यकर्ताओं की निगाहें अब शीर्ष नेतृत्व के रुख पर टिकी हैं। पार्टी के लिए चुनौती यह है कि आगामी राजनीतिक गतिविधियों से पहले स्थानीय स्तर पर चल रही इस खींचतान को कैसे नियंत्रित किया जाए। हालांकि दोनों नेताओं की ओर से इस ताजा घटनाक्रम पर विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।