Stalled schemes in Bengal: पश्चिम बंगाल में नई सरकार के गठन से पहले ही केंद्र सरकार ने राज्य में वर्षों से अटकी केंद्रीय योजनाओं और परियोजनाओं को गति देने की तैयारी शुरू कर दी है। केंद्र और राज्य सरकार के बीच लंबे समय से चले आ रहे टकराव के कारण कई परियोजनाएं प्रभावित थीं। अब केंद्र सरकार ने सभी मंत्रालयों से ऐसी योजनाओं की सूची मांगी है, जो पिछले कई वर्षों से अटकी हुई हैं। माना जा रहा है कि नई सरकार के गठन के बाद इन परियोजनाओं पर तेजी से काम शुरू किया जाएगा।
राजनाथ सिंह को मिला जिम्मा
जानकारी के अनुसार रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को सभी मंत्रालयों के साथ समन्वय करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्होंने केंद्रीय मंत्रियों से उनके मंत्रालयों की रुकी हुई परियोजनाओं और लंबित योजनाओं का ब्यौरा मांगा है। मंत्रालयों ने इस संबंध में जानकारी भेजनी भी शुरू कर दी है। केंद्र सरकार का उद्देश्य इन योजनाओं के रास्ते में आ रही प्रशासनिक और राजनीतिक बाधाओं को दूर करना बताया जा रहा है।
कई केंद्रीय योजनाएं रहीं प्रभावित
केंद्र सरकार का कहना है कि ममता बनर्जी सरकार के साथ टकराव के कारण कई केंद्रीय योजनाएं पूरी तरह लागू नहीं हो सकीं। आयुष्मान भारत योजना को पश्चिम बंगाल में लागू नहीं किया गया था। इसी तरह पीएम आवास योजना का नाम बदलकर ‘बांग्ला आवास योजना’ कर दिया गया, जिसके बाद केंद्र ने फंड रोक दिया था। अब इन योजनाओं को दोबारा गति मिलने की संभावना जताई जा रही है।
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योजनाओं पर रहेगा फोकस
नई सरकार बनने के बाद शिक्षा और ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं पर भी तेजी आने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री श्री स्कूल, नई शिक्षा नीति और उल्लास जैसी योजनाएं लागू की जा सकती हैं। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत रुकी परियोजनाओं को मंजूरी मिलने की संभावना है। इसके अलावा जल जीवन मिशन और पीएम मत्स्य संपदा योजना में भी केंद्र सरकार बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की तैयारी में है।
रियोजना को भी मिलेगी गति
सीमा सुरक्षा और गंगा सफाई परियोजनाएं भी लंबे समय से प्रभावित रही हैं। केंद्र का आरोप रहा है कि बॉर्डर फेंसिंग के लिए राज्य सरकार ने जमीन उपलब्ध नहीं कराई, जिससे काम रुका रहा। अब भाजपा सरकार ने अगले 45 दिनों में इस काम को पूरा करने का लक्ष्य रखा है। वहीं नमामि गंगे परियोजना के तहत सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने में भी जमीन की समस्या सामने आई थी। केंद्र सरकार अब इन सभी बाधाओं को दूर कर तेजी से काम आगे बढ़ाने की तैयारी में है।