दूसरे डे-नाइट एशेज टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने शुरुआत ऐसी की कि इंग्लैंड की बैटिंग देखते ही देखते ढह गई। टॉस जीतकर पहले बैटिंग करना अंग्रेजों के लिए भारी साबित हुआ। स्टार्क ने मैच की पहली ही गेंदों में बेन डकेट को शून्य पर बोल्ड किया, फिर अगले ओवर में ओली पोप भी बिना रन बनाए स्टंप्स उखड़वा बैठे। कुछ ही मिनटों में इंग्लैंड का स्कोर 5 पर 2 हो गया और गाबा का माहौल पूरी तरह ऑस्ट्रेलिया के नाम हो गया। शुरुआती ओवरों में स्टार्क की रफ्तार, स्विंग और लाइन-लेंथ ने इंग्लैंड को संभलने का कोई मौका ही नहीं दिया।
पिंक बॉल टेस्ट में स्टार्क का नया कारनामा
इंग्लैंड के खिलाफ दो शुरुआती विकेट झटकते ही स्टार्क ने डे-नाइट टेस्ट की दुनिया में नया इतिहास रच दिया। पिंक बॉल से किसी एक टीम के खिलाफ सबसे ज्यादा विकेट लेने का रिकॉर्ड अब उन्हीं के नाम है। 6 पारियों में उनके नाम 20 विकेट पूरे हो गए, जो क्रिकेट इतिहास में किसी भी गेंदबाज का एक टीम के खिलाफ सबसे बड़ा आंकड़ा है। इस उपलब्धि के साथ स्टार्क ने वेस्टइंडीज के शमर जोसेफ और अल्जारी जोसेफ जैसे तेज गेंदबाजों को पीछे छोड़ दिया। हर पिंक बॉल टेस्ट में स्टार्क का असर लगातार बढ़ रहा है और वह इस फॉर्मेट के सबसे डरावने गेंदबाज बनते जा रहे हैं।
बाएं हाथ के पेसरों में भी नंबर-1 बने स्टार्क
इतना ही नहीं, स्टार्क ने वसीम अकरम जैसे दिग्गज को भी पीछे छोड़ते हुए लेफ्ट-आर्म तेज गेंदबाजों की लिस्ट में सबसे ऊपर जगह बना ली है। उन्होंने 102 टेस्ट में ही 414 विकेट पूरे कर लिए, जबकि अकरम इस आंकड़े तक 104 टेस्ट में पहुंचे थे। उनके पीछे चामिंडा वास, ट्रेंट बोल्ट और भारत के जहीर खान जैसे नाम आते हैं। यह उपलब्धि साबित करती है कि स्टार्क सिर्फ मौजूदा पीढ़ी ही नहीं, बल्कि टेस्ट इतिहास के महानतम बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों में शामिल हो चुके हैं।
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स्टार्क का एक और धमाका
डकेट का विकेट लेते ही स्टार्क ने एक और खास रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह टेस्ट मैच के पहले ओवर में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। उनके नाम अब 26 विकेट हैं, जबकि जेम्स एंडरसन और केमार रोच उनसे काफी पीछे हैं। मौजूदा एशेज में भी यह तीसरी पारी थी जहां स्टार्क ने पहले ओवर में विकेट झटका। यह आंकड़ा बताता है कि स्टार्क सिर्फ तेज गेंदबाजी नहीं करते, बल्कि शुरुआत में ही विपक्षी टीम की रीढ़ तोड़ देने की क्षमता रखते हैं।