अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump की ईरान को लेकर दी गई चेतावनी का असर भारतीय शेयर बाजार पर तुरंत देखने को मिला। मंगलवार सुबह बाजार खुलते ही भारी गिरावट दर्ज हुई और निवेशकों में घबराहट फैल गई। हालांकि, शुरुआती झटके के बाद बाजार ने तेजी से वापसी भी की, जिससे यह साफ हो गया कि ग्लोबल तनाव के बीच भी निवेशकों का भरोसा पूरी तरह टूटा नहीं है।
खुलते ही सेंसेक्स-निफ्टी धड़ाम
मंगलवार को बाजार खुलते ही BSE Sensex करीब 800 अंक तक लुढ़क गया और 73,000 के आसपास पहुंच गया। वहीं NSE Nifty भी 200 अंकों से ज्यादा गिरकर 22,900 के स्तर के करीब आ गया। शुरुआती मिनटों में बाजार में जबरदस्त बिकवाली का माहौल नजर आया।
वैश्विक संकेतों से पहले ही मिले थे इशारे
एशियाई बाजारों में पहले से कमजोरी देखने को मिल रही थी। जापान का निक्केई और दक्षिण कोरिया का कोस्पी लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। Iran में संभावित बड़े घटनाक्रम की आशंका ने ग्लोबल निवेशकों को सतर्क कर दिया था, जिसका असर भारत में भी साफ दिखा।
आधे घंटे में बदली चाल, आई रिकवरी
शुरुआती गिरावट के बाद बाजार ने तेजी से रिकवरी दिखाई। करीब आधे घंटे में सेंसेक्स की गिरावट 800 अंक से घटकर 350 अंक के आसपास रह गई। इससे यह संकेत मिला कि निवेशक पूरी तरह घबराए नहीं हैं और निचले स्तर पर खरीदारी भी देखने को मिली।
बड़े शेयरों में भारी दबाव
शुरुआती कारोबार में कई दिग्गज कंपनियों के शेयर लाल निशान पर रहे। इंटरग्लोब एविएशन (IndiGo), महिंद्रा एंड महिंद्रा, रिलायंस जैसे शेयरों में गिरावट देखी गई। खासतौर पर Reliance Industries के शेयर में लगातार दूसरे दिन कमजोरी बनी रही।
मिडकैप और स्मॉलकैप भी नहीं बचे
केवल लार्जकैप ही नहीं, बल्कि मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी गिरावट देखने को मिली। भारत फोर्ज, नायका और हिंदुस्तान पेट्रोलियम जैसे शेयर टूटे, जबकि छोटे शेयरों में भी 2-3% तक की गिरावट दर्ज की गई। इससे बाजार में व्यापक दबाव का संकेत मिला।