Story Of Half Viral Resume: नौकरी की तलाश में लोग अक्सर रचनात्मकता का सहारा लेते हैं, लेकिन हाल ही में सोशल मीडिया पर एक ऐसा रिज्यूमे वायरल हुआ है जिसने सबको हैरान कर दिया है. यह रिज्यूमे आधा ही छपा हुआ है, जिसके निचले हिस्से में लिखा है, "हायर मी टू अनलॉक माय फुल पोटेंशियल!" यानी, "मुझे नौकरी दो, तब पता चलेगा मैं क्या-क्या कर सकता हूं!" यह अनोखा तरीका रेडिट जैसे प्लेटफॉर्म पर खूब सुर्खियां बटोर रहा है, जहां यूजर्स इसे देखकर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं.
आधे रिज्यूम की कहानी
आमतौर पर लोग अपने रिज्यूमे में रंगीन ग्राफिक्स, विस्तृत कौशल और अनुभव शामिल करते हैं, लेकिन इस उम्मीदवार ने लीक से हटकर एक बोल्ड कदम उठाया है, जिसने नेटिज़न्स का ध्यान अपनी ओर खींचा है।.अधूरे रिज्यूमे की पूरी कहानी इस वायरल रिज्यूमे के ऊपरी हिस्से में उम्मीदवार का आधा चेहरा और एक सामान्य करियर ऑब्जेक्टिव लिखा है, जिसमें कहा गया है कि वे कंपनी का हिस्सा बनकर अपने कौशल को बढ़ाना और व्यक्तित्व का विकास करना चाहते हैं. लेकिन इसके बाद, रिज्यूमे का बाकी हिस्सा पूरी तरह से खाली है—न कोई योग्यता, न कार्य अनुभव, और न ही कोई कौशल का उल्लेख। बस बीच में वह विशिष्ट पंक्ति लिखी है: "Hire me to unlock my full potential।" यह स्पष्ट नहीं है कि यह प्रिंटर की गलती थी या जानबूझकर किया गया एक मार्केटिंग स्टंट, लेकिन इसने निश्चित रूप से नौकरी चाहने वालों और नियोक्ताओं के बीच बहस छेड़ दी है.
यू्र्जस की प्रतिक्रियाएं
यूजर्स की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं इस आधे रिज्यूमे को लेकर सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. कुछ यूजर्स ने इसे मजाक बताते हुए खूब मजे लिए हैं, जैसे एक ने कहा कि यह ऐसा है जैसे एक "लूटबॉक्स" ईमेल किया गया हो, जिसमें नौकरी मिलने का 0.01% मौका है. वहीं, कुछ अन्य यूजर्स ने इसकी रचनात्मकता और बोल्डनेस की तारीफ की है. एक यूजर ने तो यहां तक कह दिया कि अगर वे रिक्रूटर होते, तो वे निश्चित रूप से इस शख्स को इंटरव्यू के लिए बुलाते. हालांकि, कुछ लोगों का मानना है कि AI स्क्रीनिंग सिस्टम इसे शायद पास न कर पाए, लेकिन अगर कोई इंसान इसे देखेगा तो यह निश्चित रूप से उनका ध्यान खींचेगा. यह घटना दर्शाती है कि कैसे लोग भीड़ से अलग दिखने के लिए नए और अपरंपरागत तरीकों का सहारा ले रहे हैं.
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है. लोकसत्य किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है.