Strait Of Hormuz: मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में से एक Strait of Hormuz फिर चर्चा में है। यह जलडमरूमध्य लगभग 33 किलोमीटर चौड़ा है, लेकिन इसके बावजूद यहां से हर दिन बड़ी संख्या में तेल टैंकर और मालवाहक जहाज गुजरते हैं। वैश्विक ऊर्जा व्यापार का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से होता है। इतनी संकरी जगह होने के बावजूद जहाजों की आवाजाही को खास नियमों और आधुनिक तकनीक के जरिए सुरक्षित तरीके से संचालित किया जाता है।
समुद्र में लेन का नियम
समुद्री ट्रैफिक को सुरक्षित रखने के लिए International Maritime Organization ने यहां विशेष ट्रैफिक सेपरेशन स्कीम लागू की है। इसके तहत जहाजों के लिए दो अलग-अलग लेन तय की गई हैं। एक लेन आने वाले जहाजों के लिए होती है और दूसरी बाहर जाने वाले जहाजों के लिए। हर लेन लगभग दो मील चौड़ी होती है और इनके बीच करीब दो मील का बफर जोन रखा जाता है, ताकि विपरीत दिशा में चल रहे जहाजों के बीच सुरक्षित दूरी बनी रहे। यह व्यवस्था समुद्र में हाईवे जैसी प्रणाली की तरह काम करती है।
पर्याप्त गहराई
भले ही यह जलडमरूमध्य चौड़ाई में संकरा हो, लेकिन इसकी गहराई काफी अधिक है। मुख्य शिपिंग चैनलों में पानी की गहराई लगभग 60 से 100 मीटर तक रहती है। इसी कारण अल्ट्रा लार्ज क्रूड कैरियर और वेरी लार्ज क्रूड कैरियर जैसे विशाल जहाज भी यहां से सुरक्षित गुजर सकते हैं। अधिकतर जहाजों की आवाजाही Musandam Peninsula के आसपास के गहरे हिस्सों से कराई जाती है, जहां नेविगेशन अपेक्षाकृत आसान होता है।
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हर जहाज पर निगरानी
आधुनिक समुद्री तकनीक भी इस मार्ग पर ट्रैफिक को नियंत्रित करने में अहम भूमिका निभाती है। यहां से गुजरने वाले जहाजों के लिए ऑटोमेटिक आइडेंटिफिकेशन सिस्टम सक्रिय रखना जरूरी होता है। यह सिस्टम जहाज की पहचान, स्थिति, गति और दिशा की जानकारी लगातार प्रसारित करता रहता है। इससे समुद्री प्राधिकरण और आसपास मौजूद दूसरे जहाज रियल-टाइम में एक-दूसरे की स्थिति को समझ पाते हैं और दुर्घटना की संभावना कम हो जाती है।
सभी जहाजों को अधिकार
भौगोलिक रूप से यह जलडमरूमध्य ईरान और ओमान के समुद्री क्षेत्र के बीच स्थित है। हालांकि United Nations Convention on the Law of the Sea के तहत अंतरराष्ट्रीय जलडमरूमध्यों से गुजरने का अधिकार सभी देशों के जहाजों को दिया गया है। इसी नियम के कारण यह मार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए बेहद महत्वपूर्ण बना हुआ है।