लॉन्ग टर्म में बिना जोखिम मोटी रकम चाहने वालों के लिए सरकार की स्मॉल सेविंग स्कीमें भरोसेमंद विकल्प मानी जाती हैं। इन्हीं में से एक है पोस्ट ऑफिस की सुकन्या समृद्धि योजना (SSY)। यह योजना खास तौर पर बेटियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए बनाई गई है, जिसमें टैक्स छूट के साथ ऊंचा ब्याज भी मिलता है। सही समय पर निवेश शुरू किया जाए तो यह स्कीम बड़ी रकम तैयार कर सकती है।
कब और कैसे करना होता है निवेश
सुकन्या समृद्धि योजना में बेटी के नाम खाता खोला जाता है। बेटी के जन्म के बाद से 10 साल की उम्र तक अकाउंट खुलवाया जा सकता है। इसमें 15 साल तक निवेश करना होता है, जबकि खाता 21 साल में मैच्योर होता है। यानी 15 साल तक पैसा जमा करने के बाद भी अगले 6 साल तक जमा राशि पर ब्याज मिलता रहता है। अगर बेटी के जन्म के तुरंत बाद निवेश शुरू किया जाए तो हर साल कम रकम डालकर बड़ा फंड बनाया जा सकता है।
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ब्याज दर और जमा की सीमा
SSY में फिलहाल 8.2 फीसदी सालाना ब्याज मिल रहा है, जो पोस्ट ऑफिस की दूसरी योजनाओं से ज्यादा है। यह ब्याज दर हर तिमाही तय होती है और जनवरी-मार्च 2026 के लिए भी 8.2 फीसदी ही रखी गई है। इस योजना में एक वित्तीय वर्ष में न्यूनतम 250 रुपये और अधिकतम 1.50 लाख रुपये तक जमा किए जा सकते हैं। निवेश एकमुश्त, किश्तों में या हर महीने भी किया जा सकता है।
कैसे बनेंगे 50 लाख से ज्यादा
अगर कोई अभिभावक बेटी के जन्म से हर साल 1.50 लाख रुपये निवेश करता है और यह निवेश 15 साल तक जारी रहता है, तो कुल जमा राशि 22.50 लाख रुपये होगी। 21 साल की मैच्योरिटी पर इस पर करीब 49.32 लाख रुपये सिर्फ ब्याज के रूप में मिलेंगे। यानी कुल मैच्योरिटी अमाउंट लगभग 71.82 लाख रुपये तक पहुंच सकता है। इस तरह सुकन्या समृद्धि योजना बेटी की पढ़ाई और शादी के लिए एक मजबूत और सुरक्षित फाइनेंशियल प्लान बन सकती है।