गुजरात के Surat से एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां एक रिहायशी मकान में लगी भीषण आग ने पूरे परिवार को उजाड़ दिया। लिंबायत इलाके में हुए इस हादसे में चार महिलाओं और एक मासूम बच्चे की जिंदा जलकर मौत हो गई। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट और गैस सिलेंडर ब्लास्ट को आग फैलने की मुख्य वजह बताया जा रहा है, जिसने कुछ ही मिनटों में सबकुछ तबाह कर दिया।
लिंबायत इलाके में मचा हड़कंप
सूरत के Limbayat इलाके में मंगलवार दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने धुएं और आग की लपटों को उठता देखा तो तुरंत राहत और बचाव की कोशिशें शुरू कीं। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक आग विकराल रूप ले चुकी थी।
शॉर्ट सर्किट के बाद सिलेंडर धमाका
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग की शुरुआत घर में लगे बिजली के तारों में शॉर्ट सर्किट से हुई। कुछ ही देर में आग ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। स्थिति और भयावह तब हो गई जब अंदर रखा गैस सिलेंडर फट गया। इस विस्फोट के बाद आग तेजी से फैलती चली गई और घर में मौजूद लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
अवैध गोदाम बना मौत का जाल
जांच में सामने आया है कि यह मकान केवल रहने के लिए नहीं, बल्कि अवैध रूप से साड़ियों के गोदाम के तौर पर भी इस्तेमाल किया जा रहा था। घर के अंदर करीब 8 टन साड़ियों का भारी स्टॉक और ज्वलनशील सामग्री भरी हुई थी। यही कारण रहा कि आग ने कुछ ही मिनटों में पूरे मकान को आगोश में ले लिया और बाहर निकलने के रास्ते भी बंद हो गए।
एक ही परिवार के 5 लोगों की दर्दनाक मौत
इस हादसे में एक ही परिवार के पांच लोगों की जान चली गई, जिनमें चार महिलाएं और एक मासूम बच्चा शामिल है। घटना ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया है। पड़ोसियों के मुताबिक, घर में इतनी ज्यादा सामग्री भरी थी कि अंदर चलने तक की जगह नहीं बची थी, जिससे बचाव असंभव हो गया।
सुरक्षा नियमों पर फिर उठे सवाल
इस दर्दनाक घटना के बाद एक बार फिर रिहायशी इलाकों में अवैध गोदाम और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन अब मामले की जांच कर रहा है और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। यह हादसा साफ संकेत देता है कि छोटी सी लापरवाही किस तरह बड़े हादसे में बदल सकती है।