Tensions flare again in Yemen: यमन में लंबे समय से चल रहे संघर्ष के बीच एक बार फिर हालात बिगड़ते नजर आ रहे हैं। दक्षिण यमन के अलगाववादी गुटों ने सऊदी अरब पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उसकी सेना ने उनकी पोजिशनों पर हवाई हमला किया है। यह दावा ऐसे समय में सामने आया है, जब सऊदी अरब ने हाल ही में अलगाववादियों को चेतावनी दी थी कि वे अपने कब्जे वाले इलाकों से पीछे हटें। हालांकि, सऊदी अरब की ओर से इन आरोपों पर अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है। इस कथित हमले के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है, जिससे नई जंग की आशंका जताई जा रही है।
अलगाववादियों का दावा, हदरमौत में हमला
दक्षिणी यमन के सदर्न ट्रांजिशनल काउंसिल (STC) ने कहा है कि यह कथित एयरस्ट्राइक हदरमौत इलाके में की गई। परिषद का दावा है कि सऊदी लड़ाकू विमानों ने उनके नियंत्रण वाले क्षेत्र को निशाना बनाया। हालांकि, इस हमले में किसी के हताहत होने की तत्काल पुष्टि नहीं हो सकी है। अलगाववादियों ने कुछ वीडियो फुटेज भी जारी किए हैं, जिनके जरिए वे हवाई हमले का दावा कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह कार्रवाई सीधे तौर पर उनके खिलाफ दबाव बनाने की कोशिश है, ताकि वे हाल में कब्जाए गए इलाकों को छोड़ दें।
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चेतावनी, गठबंधन में दरार
इस घटनाक्रम को क्षेत्रीय राजनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। सऊदी अरब पहले ही अलगाववादियों के कब्जे को “अनावश्यक उकसावा” बता चुका है, जबकि ये गुट संयुक्त अरब अमीरात समर्थित माने जाते हैं। ऐसे में सऊदी और यूएई समर्थित ताकतों के बीच टकराव की स्थिति बनती दिख रही है। जानकारों का मानना है कि इससे हूती विद्रोहियों के खिलाफ बना गठबंधन कमजोर हो सकता है। यमन के दक्षिण में बढ़ता यह तनाव आने वाले दिनों में हालात को और जटिल बना सकता है, जिससे पूरे क्षेत्र की स्थिरता पर असर पड़ने की आशंका है।