हरारे से भारत के लिए बड़ी खुशखबरी आई है। अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 का खिताब टीम इंडिया ने अपने नाम कर लिया है। फाइनल मुकाबले में भारत ने इंग्लैंड को 100 रन से करारी शिकस्त दी। इसके साथ ही भारत छठी बार अंडर-19 विश्व कप जीतने वाला सबसे सफल देश बन गया। इससे पहले भारत 2000, 2008, 2012, 2018 और 2022 में यह खिताब जीत चुका है। खास बात यह भी रही कि 2016 के बाद खेले गए हर अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारतीय टीम फाइनल तक पहुंची है, जो उसकी निरंतर मजबूती दिखाता है।
टॉस जीतकर भारत का बड़ा फैसला
हरारे स्पोर्ट्स क्लब में कप्तान आयुष म्हात्रे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। शुरुआत में भारत को झटका लगा और 20 रन पर आरोन जॉर्ज आउट हो गए। इसके बाद वैभव सूर्यवंशी और आयुष म्हात्रे ने पारी को संभाल लिया। दोनों के बीच दूसरे विकेट के लिए शानदार साझेदारी हुई और टीम का स्कोर 160 के पार पहुंच गया। कप्तान म्हात्रे 53 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन तब तक भारत मजबूत स्थिति में आ चुका था।
वैभव सूर्यवंशी का ऐतिहासिक तूफान
इसके बाद मैदान पर जो हुआ, उसने इतिहास बदल दिया। 14 साल के वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के गेंदबाजों पर जमकर हमला बोला। उन्होंने सिर्फ 55 गेंदों पर शतक पूरा किया और 80 गेंदों में 175 रन ठोक दिए। इस पारी में 15 चौके और 15 छक्के शामिल रहे। यह अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में खेली गई सबसे बड़ी पारी है। इतना ही नहीं, वैभव यूथ वनडे क्रिकेट में 100 छक्के पूरे करने वाले दुनिया के पहले बल्लेबाज भी बन गए।
अंतिम ओवरों में स्कोर 400 के पार
वैभव के आउट होने के बाद भी भारत का रन बनना नहीं रुका। मध्यक्रम में अभिज्ञान कुंडू और आरएस अम्ब्रीश ने अहम रन जोड़े। अंत में कनिष्क चौहान ने तेज बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 37 रन बनाए और भारत का स्कोर 411 तक पहुंचा दिया। इंग्लैंड की ओर से जेम्स मिंटो ने 3 विकेट लिए, लेकिन वह भारतीय बल्लेबाजों को रोक नहीं सके।
इंग्लैंड की तेज शुरुआत, फिर लड़खड़ाहट
411 रन के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत धीमी रही, लेकिन बेन डॉकिन्स और बेन मेयस ने तेजी दिखाई। कप्तान थॉमस रेव ने भी आक्रामक बल्लेबाजी की। 20 ओवर में इंग्लैंड का स्कोर 170 के पार था, लेकिन इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने मैच पलट दिया। लगातार विकेट गिरते चले गए और इंग्लैंड की पारी दबाव में आ गई।
फाल्कनर की कोशिश, लेकिन जीत भारत की
177 रन पर 7 विकेट गिरने के बाद इंग्लैंड की हार तय लग रही थी। इसके बावजूद कैलेब फाल्कनर ने जुझारू शतक लगाया और जेम्स मिंटो ने उनका साथ दिया। हालांकि, बड़ा लक्ष्य और विकेटों की कमी इंग्लैंड पर भारी पड़ी। 41वें ओवर में इंग्लैंड की पारी 311 रन पर सिमट गई। इसी के साथ भारत ने 100 रन से जीत दर्ज कर अंडर-19 वर्ल्ड कप का खिताब एक बार फिर अपने नाम कर लिया।