Entertainment News : कनाडा के सरे शहर में कॉमेडियन कपिल शर्मा के कैफे पर हुई लगातार फायरिंग की घटनाओं की गुत्थी सुलझाने में दिल्ली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने गोल्डी ढिल्लों गैंग से जुड़े बंधु मान सिंह को गिरफ्तार किया है, जो पूरी साजिश का अहम हिस्सा था. भले ही वह फायरिंग में सीधे तौर पर शामिल नहीं था, लेकिन पुलिस के अनुसार पूरी योजना का मुख्य कड़ी वही था. कनाडा पुलिस पहले ही उस वाहन की पहचान कर चुकी थी, जिसमें सवार होकर शूटर कपिल शर्मा के कैप्स कैफे पर गोलियां बरसाने पहुंचे थे। सख्ती बढ़ते देख मानसिंह अगस्त में कनाडा से भागकर भारत आ गया था.
कौन है ‘बंधु’ मान सिंह, गैंग का शूटर हैंडलर
हाल ही में दिल्ली पुलिस ने हथियारों की तस्करी करने वाले एक गिरोह को पकड़ा था. पूछताछ में पता चला कि गिरोह ने लुधियाना में मान सिंह को हथियार सप्लाई किए थे. यही बड़ा सुराग पुलिस को मानसिंह तक ले गया। गिरफ्तार करते समय उसके पास से एक हाई-एंड PX-3 मेड इन चाइना पिस्टल और 8 जिंदा कारतूस बरामद हुए. पुलिस रिकॉर्ड में मानसिंह के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह लंबे समय से गोल्डी ढिल्लों गैंग के लिए काम कर रहा था। गैंग का नेटवर्क भारत और कनाडा दोनों जगह सक्रिय बताया जाता है.
बर्फ में खड़े होकर हवाई फायरिंग, मानसिंह का वायरल वीडियो
मानसिंह का एक वीडियो हाल ही में सामने आया है, जिसमें वह कनाडा की बर्फीली जगह पर शॉटगन से ताबड़तोड़ हवाई फायरिंग करते दिख रहा है. वीडियो में वह बाइकर जैकेट और चश्मा पहने हुए है, और उसके हाथ में एक खतरनाक हथियार नजर आ रहा है. पुलिस का कहना है कि ऐसे वीडियो गैंग की धमक दिखाने और नए लोगों को जोड़ने की रणनीति का हिस्सा होते हैं.
कनाडा में कपिल के कैफे पर तीन बार फायरिंग
कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सरे शहर में कपिल शर्मा के कैप्स कैफे पर तीन बार गोलीबारी हो चुकी है. पहली घटना 10 जुलाई को, फिर 7 अगस्त और तीसरी 16 अक्टूबर को। तीनों हमलों में कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन घटनाओं ने स्थानीय प्रशासन और कनाडा पुलिस को अलर्ट कर दिया. दबाव बढ़ने के बाद वहां के अधिकारियों ने भारतीय एजेंसियों के साथ मिलकर गैंग के नेटवर्क की जांच शुरू की.
फायरिंग पर बोले कपिल शर्मा, ‘भगवान मेरे साथ हैं’
हाल ही में पूछे जाने पर कपिल शर्मा ने कहा कि हर घटना के बाद उनके कैफे में लोगों की संख्या और बढ़ गई.
उन्होंने मज़ाकिया लहजे में कहा—
“अगर भगवान मेरे साथ हैं तो सब ठीक है.”
कपिल ने यह भी बताया कि यह कैफे जुलाई में खोला गया था और लोगों का समर्थन उन्हें मजबूत बनाता है.
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि कपिल शर्मा के कैफे पर फायरिंग की पूरी साजिश कैसे रची गई और इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है. जांच आगे बढ़ने के साथ बड़े खुलासों की संभावना जताई जा रही है.