15 मई, एक युवती के जीवन का सबसे खास दिन होना था। उसने अपने सपनों की शादी के लिए हाथों में मेहंदी रचाई थी, लहंगा पहनकर सज-धज कर मंडप में बैठी थी और रिश्तेदारों की मौजूदगी में बस बारात का इंतजार कर रही थी। लेकिन जैसे-जैसे समय बीता, उम्मीदें धुंधलाने लगीं और सपनों का महल ताश के पत्तों की तरह बिखर गया। बारात नहीं आई, दूल्हा गायब रहा, और आखिरकार वो दुल्हन जिसे फूलों से सजा मंडप नसीब होना था, थाने और एसपी ऑफिस पहुंच गई। यह मामला मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले का है, जहां एक प्रेम-प्रसंग ने विश्वासघात का मोड़ ले लिया। अब यह पीड़िता न्याय की गुहार लगा रही है और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है।
प्यार, वादे और धोखे की कहानी
बमनौर थाना क्षेत्र की रहने वाली पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में जो बयान दिया, वो बेहद चौंकाने वाला है। युवती ने बताया कि आरोपी युवक ने बीते कई महीनों से शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। जब युवती ने शादी का दबाव बनाया तो आरोपी ने 15 मई की तारीख तय कर दी। गांववालों और रिश्तेदारों को शादी का निमंत्रण भी दे दिया गया।
सज-धज कर बैठी दुल्हन, लेकिन नहीं आई बारात
शादी के दिन युवती पूरे रीति-रिवाजों के साथ तैयार थी। रिश्तेदार आ चुके थे, मंडप सज चुका था, और हर कोई बारात का इंतजार कर रहा था। लेकिन जैसे-जैसे समय बीता, दूल्हे और उसके परिवार का कोई अता-पता नहीं था। तब जाकर युवती को एहसास हुआ कि उसके साथ बड़ा धोखा हो चुका है।
एसपी से लगाई न्याय की गुहार
युवती ने छतरपुर एसपी कार्यालय में शिकायत दी है, जिसमें उसने आरोपी पर भावनाओं और शारीरिक गरिमा के साथ खिलवाड़ का आरोप लगाया है। अब वह मानसिक तनाव में है और समाज में खुद को अपमानित महसूस कर रही है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए बमनौर थाने को जांच सौंपी है। जल्द ही आरोपी पर कार्रवाई होने की उम्मीद है।