सर्दी की दस्तक के साथ लखनऊ की गोमतीनगर एक्सटेंशन में स्थित चक गजरिया वेटलैंड (सीजी सिटी वेटलैंड) एक बार फिर प्रवासी पक्षियों का पसंदीदा ठिकाना बन गया है। भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी इकाना क्रिकेट स्टेडियम के ठीक पीछे फैले इस 37 एकड़ के वेटलैंड में हजारों की संख्या में विदेशी मेहमान पहुंच चुके हैं। सुबह की सुनहरी धूप में पानी पर तैरते रंग-बिरंगे पक्षियों का नजारा इतना मनमोहक है कि बर्डवॉचर्स और प्रकृति प्रेमी यहां घंटों बिताने को मजबूर हो जाते हैं।
वेटलैंड अब शहर का प्रमुख ईको-टूरिज्म स्पॉट बना
लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) द्वारा विकसित यह वेटलैंड अब शहर का प्रमुख ईको-टूरिज्म स्पॉट बन चुका है। हाल ही में एलडीए ने गोमती टास्क फोर्स और टर्टल सर्वाइवल एलायंस के साथ मिलकर यहां जलकुंभी और अन्य हानिकारक जल पौधों को हटाने का काम पूरा किया है। पानी की गुणवत्ता सुधारने और प्राकृतिक बहाव बहाल करने के प्रयासों से पक्षियों के लिए बेहतर आवास तैयार हुआ है। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने बताया कि वेटलैंड में बर्ड-वॉचिंग हाइड, वॉच टावर और व्यूइंग डेक जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे पर्यटक सुरक्षित और करीब से पक्षियों का अवलोकन कर सकते हैं। इस सर्दी में साइबेरिया, मध्य एशिया और यूरोप से हजारों किलोमीटर का सफर तय कर यहां पहुंचे पक्षियों में बार्न स्वॉलो, व्हाइट-ब्रोड वैगटेल, पर्पल स्वैम्फेन, ओपन-बिल्ड स्टॉर्क, ब्रॉन्ज्ड-विंग्ड जैकाना, एग्रेट, हेरॉन, किंगफिशर, पेंटेड स्टॉर्क और कई दुर्लभ प्रजातियां शामिल हैं।
पानी पर चहचहाते हैं पक्षी
सुबह-सुबह आसमान में उड़ान भरते झुंड और पानी पर चहचहाते पक्षी दिलकश दृश्य प्रस्तुत करते हैं। शाम ढलते ही ओपन-बिल्ड स्टॉर्क का झुंड बबूल के पेड़ों पर विश्राम करने आता है, जो देखते ही बनता है। प्रकृति प्रेमी और बर्ड फोटोग्राफरों के लिए यह जगह स्वर्ग समान है। एक नियमित विजिटर ने कहा, शहर के बीच इतनी शांति और जैव विविधता देखकर मन प्रसन्न हो जाता है। सुबह की ठंडी हवा में पक्षियों की आवाजें सुनना अद्भुत अनुभव है।
वेटलैंड में पाई जाती हैं मॉनिटर लिजर्ड और तितलियां
वेटलैंड में हिरण, गोल्डन जैकल, मॉनिटर लिजर्ड और तितलियां भी देखी जा सकती हैं। एलडीए के प्रयासों से यह क्षेत्र अब संरक्षित है और प्रदूषण नियंत्रण के लिए पानी के सैंपल नियमित जांचे जा रहे हैं। सीजी सिटी एसटीपी से ट्रीटेड पानी की सप्लाई से जलस्तर स्थिर रखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह वेटलैंड शहर के पारिस्थितिक संतुलन के लिए महत्वपूर्ण है और भूजल रिचार्ज में भी मदद करता है। सर्दियां खत्म होने तक यहां पक्षियों का जमावड़ा जारी रहेगा। प्रकृति प्रेमियों से अपील है कि प्लास्टिक का उपयोग न करें और पक्षियों को डिस्टर्ब न करें। इकाना स्टेडियम के पास होने से पहुंच आसान है। पलासियो मॉल के निकट पार्किंग उपलब्ध है। यह जगह लखनऊ की बदलती तस्वीर का प्रतीक बन रही है, जहां विकास और पर्यावरण संरक्षण साथ-साथ चल रहे हैं।