
flood in Bihar: बिहार में गंगा और अन्य नदियों के बढ़ते जलस्तर ने कई जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा कर दी है। पिछले कुछ दिनों में हुई तेज बारिश के कारण गंगा, गंडक, कोसी, बूढ़ी गंडक, महानंदा और कमला नदियां उफान पर हैं। निचले इलाकों में पानी भरने से हजारों घर प्रभावित हुए हैं और फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। आपदा प्रबंधन विभाग ने पटना, भोजपुर, वैशाली, लखीसराय और भागलपुर समेत गंगा किनारे बसे जिलों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं। अब तक भोजपुर की 11 पंचायतों से 21,700 लोगों और पटना से 89,250 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।
बाढ़ से निपटने को NDRF का विशेष इंतजाम
बाढ़ की गंभीरता को देखते हुए 9वीं बटालियन NDRF की 14 टीमों को तैयार रखा गया है। इनमें से दरभंगा, सुपौल और मोतिहारी में एक-एक टीम तैनात है, जबकि नालंदा में दो टीमें (एक एकंगर सराय और दूसरी हिलसा में) राहत और बचाव कार्य में जुटी हैं। पटना में भी एक टीम तैयार है, जबकि बाकी 8 टीमें सभी आवश्यक उपकरणों के साथ बटालियन मुख्यालय में अलर्ट मोड पर हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत प्रभावित क्षेत्रों में भेजा जा सके।
राहत और बचाव कार्य तेज
आपदा प्रबंधन विभाग के बुलेटिन के अनुसार, लगातार बारिश के बाद नदियों का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में पानी घुस गया है। प्रशासन ने प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाने, खाने-पीने और चिकित्सा की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। NDRF की टीमें नावों, लाइफ जैकेट्स और अन्य उपकरणों के साथ तैयार हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके। विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे सतर्क रहें और मौसम व प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।