
Trump's ultimatum: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमास को गाजा शांति योजना पर सहमत होने के लिए अंतिम चेतावनी दी है। उन्होंने 48 घंटे का अल्टीमेटम जारी करते हुए कहा कि अगर रविवार शाम तक हमास समझौते पर हस्ताक्षर नहीं करता है तो उस पर ऐसा हमला होगा जिसे दुनिया ने पहले कभी नहीं देखा होगा। ट्रंप ने कहा कि 7 अक्टूबर को महिलाओं और बच्चों के नरसंहार के बाद से अब तक 25 हजार से अधिक हमास आतंकी मारे जा चुके हैं और बाकी इजरायली सेना के घेरे में हैं। उन्होंने साफ कहा कि अगर आदेश दिया गया तो बचे हुए आतंकियों को शिकार की तरह ढूंढ़-ढूंढ़कर मारा जाएगा।
ट्रंप का हमास पर सख्त रुख
ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा कि हमास कई वर्षों से मध्य पूर्व की शांति के लिए सबसे बड़ा खतरा रहा है और 7 अक्टूबर का नरसंहार इसका सबसे क्रूर उदाहरण है। उन्होंने कहा कि इजरायल ने ‘ऑपरेशन’ के तहत आतंकी ठिकानों को तबाह किया और अब हमास को एक आखिरी मौका दिया जा रहा है। राष्ट्रपति ने कहा कि अगर समझौता नहीं हुआ तो हमास को अभूतपूर्व तबाही का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका, इजरायल और मध्य पूर्व के शक्तिशाली देश शांति समझौते के पक्ष में हैं।
निर्दोषों से गाजा छोड़ने की अपील
ट्रंप ने गाजा में फंसे निर्दोष फिलिस्तीनियों से कहा कि वे तत्काल सुरक्षित इलाकों में चले जाएं। उन्होंने आश्वासन दिया कि उनका अच्छे से ध्यान रखा जाएगा। वहीं हमास को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर यह अवसर गंवाया गया तो इसका नतीजा आतंकियों की समाप्ति होगी। उन्होंने कहा कि रविवार शाम छह बजे (वॉशिंगटन समय) तक समझौता होना चाहिए, वरना हमास के खिलाफ ऐसी कार्रवाई होगी जिसे इतिहास याद रखेगा। ट्रंप ने दोहराया कि किसी न किसी तरह मध्य पूर्व में शांति स्थापित की जाएगी।