UP UCC : उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को दिल्ली पहुंच रहे हैं, जहां उनकी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात होने की संभावना है। इस संभावित बैठक को यूसीसी और आगामी चुनावी रणनीति के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यूसीसी को लेकर बढ़ी अटकलें
हाल ही में अमित शाह ने कहा था कि भाजपा और एनडीए शासित राज्यों में 2029 से पहले यूसीसी लागू करने का लक्ष्य है। इसके बाद उत्तर प्रदेश में भी इस कानून को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि योगी सरकार चुनाव से पहले इस दिशा में कोई बड़ा कदम उठा सकती है।
ड्राफ्ट पर हो सकती है चर्चा
सूत्रों के अनुसार, यूसीसी का मसौदा तैयार करने के लिए गठित समिति की रिपोर्ट और ड्राफ्ट को लेकर भी बातचीत हो सकती है। बताया जा रहा है कि सरकार कानूनी और प्रशासनिक स्तर पर तैयारियों की समीक्षा कर रही है। यदि प्रक्रिया आगे बढ़ती है तो आने वाले महीनों में इस विषय पर महत्वपूर्ण फैसले देखने को मिल सकते हैं।
ये भी पढ़ें : UPI पेमेंट पर बड़ा फैसला, 2,000 रुपये तक नहीं लगेगा चार्ज; जानें नया नियम
2027 चुनाव से पहले बड़ा मुद्दा बन सकता है
उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव 2027 में होने हैं। ऐसे में यूसीसी को भाजपा के प्रमुख एजेंडों में शामिल माना जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि चुनाव से पहले इस मुद्दे पर सक्रियता बढ़ना आने वाले राजनीतिक समीकरणों को भी प्रभावित कर सकता है।
यमुना बैठक में भी शामिल होंगे सीएम
दिल्ली दौरे के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दोपहर 12:30 बजे कर्तव्य भवन-3 में यमुना नदी से जुड़े मुद्दों पर आयोजित बैठक में भी हिस्सा लेंगे। इस बैठक में कई राज्यों के प्रतिनिधि और केंद्रीय अधिकारी मौजूद रहेंगे। इसके बाद गृह मंत्री अमित शाह से उनकी मुलाकात की संभावना जताई जा रही है।
सरकार की ओर से अभी नहीं हुई पुष्टि
हालांकि यूसीसी को लेकर किसी आधिकारिक निर्णय या समयसीमा की घोषणा नहीं की गई है। लेकिन अमित शाह के हालिया बयान और योगी-शाह की संभावित बैठक ने उत्तर प्रदेश में समान नागरिक संहिता को लेकर नई चर्चा शुरू कर दी है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि सरकार आने वाले दिनों में क्या कदम उठाती है।