वैलेंटाइन डे जैसे-जैसे करीब आता है, वैसे-वैसे सोशल मीडिया, डेटिंग ऐप और ऑनलाइन शॉपिंग साइट्स पर एक्टिविटी तेजी से बढ़ जाती है। 14 फरवरी को खास बनाने की तैयारी में लोग गिफ्ट, फ्लावर और सरप्राइज प्लान करते हैं। लेकिन इसी रोमांटिक माहौल का फायदा साइबर स्कैमर्स भी उठा रहे हैं। एक क्लिक, एक ओटीपी या एक गलत लिंक आपके बैंक खाते को खाली कर सकता है।
रोमांस स्कैम का इमोशनल जाल
वैलेंटाइन वीक के दौरान रोमांस स्कैम सबसे ज्यादा सक्रिय रहते हैं। स्कैमर्स फर्जी प्रोफाइल बनाकर पहले दोस्ती करते हैं, फिर भावनात्मक बातें और आई लव यू जैसे मैसेज भेजकर भरोसा जीतते हैं। कुछ दिनों बाद मेडिकल इमरजेंसी, गिफ्ट भेजने या मिलने आने के नाम पर पैसों की मांग की जाती है। जैसे ही पैसा ट्रांसफर होता है, प्रोफाइल गायब हो जाती है और संपर्क टूट जाता है।
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फ्री गिफ्ट और डिलीवरी का झांसा
कई लोगों को अचानक मैसेज या कॉल आता है कि उनके नाम से कोई सरप्राइज गिफ्ट या फ्लावर डिलीवरी आई है। लिंक पर क्लिक करने या ओटीपी बताने के लिए कहा जाता है। जैसे ही व्यक्ति जानकारी साझा करता है, स्कैमर्स बैंक खाते तक पहुंच बना लेते हैं। इस तरह के मैसेज खासतौर पर वैलेंटाइन वीक में तेजी से फैलते हैं।
गिवअवे और फर्जी शॉपिंग साइट्स का जाल
सोशल मीडिया पर फ्री डिनर, हॉलिडे पैकेज या महंगे गिफ्ट जीतने के पोस्ट वायरल होते हैं। लिंक पर क्लिक कर फॉर्म भरने और प्रोसेसिंग फीस देने को कहा जाता है। इसके अलावा असली जैसी दिखने वाली फेक शॉपिंग वेबसाइट्स पर भारी डिस्काउंट का लालच दिया जाता है। यूजर जैसे ही कार्ड या बैंक डिटेल डालता है, डेटा चोरी हो जाता है।
जान-पहचान के नाम पर ठगी
कुछ मामलों में कॉल कर दावा किया जाता है कि आपके किसी जानने वाले ने गिफ्ट या मैसेज भेजा है। नाम और फोटो दिखाकर भरोसा जीता जाता है और तुरंत ओटीपी मांगा जाता है। एक छोटी सी गलती बड़ी ठगी में बदल सकती है। वैलेंटाइन वीक में प्यार के साथ सतर्कता भी जरूरी हो गई है।