
Vastu Tips: हिंदू धर्म में वास्तु शास्त्र का विशेष महत्व होता है। इसमें कुछ ऐसी गलतियों के बारे में बताया गया है, जिनकी वजह से कुंडली में राहु ग्रह खराब हो सकता है और व्यक्ति को राहु का प्रकोप झेलना पड़ता है। अगर आप भी यह गलतियां कर रहे हैं तो तुरंत रुक जाए। क्योंकि आपकी एक छोटी सी गलती घर की दिशा और दशा दोनों खराब कर सकती है.. आइये जानते हैं आपको किन-किन गलतियों में सुधार करना जरूरी है. अन्यथा परेशानी में ही रहेंगे.. हालांकि वैज्ञानिक इन बातों की पुष्टि नहीं करता है.
इन आदतों को बदलें
वास्तु शास्त्र के अनुसार, बिस्तर पर बैठकर भोजन करना राहु ग्रह को कुपित कर सकता है। यह आदत घर में आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव को बढ़ावा देती है। मान्यता है कि इससे घर के सदस्यों के बीच तालमेल भी बिगड़ सकता है। बेहतर होगा कि आप भोजन हमेशा जमीन या डाइनिंग टेबल पर बैठकर करें। इससे न केवल स्वास्थ्य लाभ होता है, बल्कि सकारात्मक ऊर्जा भी बनी रहती है।
दक्षिण-पश्चिम दिशा में बाथरूम का होना
वास्तु शास्त्र में दक्षिण-पश्चिम दिशा को नैऋत्य कोण कहते हैं और इस दिशा का संबंध राहु से होता है। ऐसे में दक्षिण-पश्चिम दिशा में घर के दरवाजे नहीं होने चाहिए, वरना राहु का नकारात्मक प्रभाव जीवन में बढ़ सकता है। साथ ही, नैऋत्य कोण में कभी भी टॉयलेट या बाथरूम नहीं बनवाना चाहिए। मान्यता है कि इस दिशा में राहु का प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, जिससे जीवन की सुख-शांति दूर हो जाती है।
कांटेदार पौधों से दूरी बनाएं
घर के अंदर कांटेदार पौधे जैसे कैक्टस रखना वास्तु में राहु को उग्र करने वाला माना गया है। ऐसे पौधे नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करते हैं और पारिवारिक कलह या नौकरी में रुकावट जैसी परेशानियों का कारण बन सकते हैं। अगर आप इन पौधों को रखना चाहते हैं, तो इन्हें घर के बाहर या बगीचे में रखें।
कूड़ा-कबाड़ का बुरा प्रभाव
आपके घर में जितना कूड़ा-कबाड़ा होगा या फिर आपका घर जितना अव्यवस्थित होगा, उतना ही आपको राहु के दुष्प्रभावों का सामना आपको करना पड़ सकता है। इसी कारण घर में कभी भी कूड़ा-कबाड़ या बिना जरूरत की चीजों को गलती से भी नहीं रखना चाहिए, खासकर पूजा-स्थल, किचन और बेडरूम गंदगी जमा करने से आपको बचना चाहिए।