
Vice President Election :नई दिल्ली।जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे के बाद देश के नए उपराष्ट्रपति के चुनाव की प्रक्रिया तेज हो गई है। निर्वाचन आयोग ने राज्यसभा महासचिव पीसी मोदी को उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए निर्वाचन अधिकारी नियुक्त किया है। अब भाजपा और विपक्षी गठबंधन अपने-अपने संभावित उम्मीदवारों को लेकर रणनीति बनाने में जुट गए हैं। धनखड़ ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर अपना कार्यकाल पूरा होने से पहले ही पद छोड़ दिया। हालांकि विपक्ष इसे सरकार से नाराजगी का नतीजा मान रहा है और एक बड़ा राजनीतिक संदेश देने की तैयारी में है।
पीसी मोदी बने निर्वाचन अधिकारी, जल्द जारी होगा चुनाव कार्यक्रम
निर्वाचन आयोग ने राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति चुनाव नियम, 1974 के तहत पीसी मोदी की नियुक्ति की है। उनके साथ संयुक्त सचिव गरिमा जैन और निदेशक विजय कुमार को सहायक निर्वाचन अधिकारी बनाया गया है। आयोग जल्द ही चुनाव की तारीखों का ऐलान करेगा। उल्लेखनीय है कि पिछली बार यह जिम्मेदारी लोकसभा महासचिव को दी गई थी, इस बार राज्यसभा महासचिव को यह कार्य सौंपा गया है।
विपक्ष संयुक्त उम्मीदवार उतारने की तैयारी में
सूत्रों के अनुसार, इंडिया गठबंधन इस बार भी संयुक्त उम्मीदवार मैदान में उतारने की योजना बना रहा है। पिछली बार मार्गरेट अल्वा को उम्मीदवार बनाया गया था, लेकिन इस बार उम्मीदवार को लेकर चर्चा गहन है। विपक्ष इसे सरकार के खिलाफ जनमत बनाने का मौका मान रहा है और धनखड़ के इस्तीफे को उसी का प्रतीक बता रहा है।
भाजपा को संख्याबल का लाभ, जल्द तय होगा नाम
संसद के दोनों सदनों में भाजपा गठबंधन के पास स्पष्ट बहुमत है। लोकसभा में 293 और राज्यसभा में 130 सांसद एनडीए के हैं, जबकि विपक्ष के पास कुल 79 राज्यसभा सदस्य हैं। चुनाव जीतने के लिए 392 वोटों की आवश्यकता होगी। भाजपा इस बार अपने संगठन से किसी वरिष्ठ नेता को उम्मीदवार बनाने पर विचार कर रही है। वहीं, जेडीयू सांसद हरिवंश का नाम भी चर्चा में है, जिन्होंने राज्यसभा उपसभापति के तौर पर प्रभावशाली भूमिका निभाई है।