Weather Alert 2025: देश के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय हो चुका है और भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने एक बार फिर भारी बारिश को लेकर ताज़ा चेतावनी जारी की है। राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में अगले कुछ दिनों में भारी से अति भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून की सक्रिय शाखा के चलते इन क्षेत्रों में तेज़ बारिश के साथ-साथ तेज़ हवाएं और आंधी-तूफान की स्थिति भी बन सकती है।
किन राज्यों में सबसे ज्यादा असर?
IMD के मुताबिक, राजस्थान के दक्षिणी और पूर्वी जिलों, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिम और मध्य मध्य प्रदेश, झारखंड, और छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटों के दौरान भारी बारिश की आशंका है। इसके अलावा उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के कुछ इलाकों में भी बारिश की तीव्रता बढ़ सकती है, जिससे भूस्खलन और जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
दिल्ली-एनसीआर का मौसम
दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में पिछले कुछ दिनों से उमस और गर्मी ने लोगों को परेशान किया हुआ था। लेकिन अब मौसम विभाग का अनुमान है कि राजधानी में आज शाम से तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। यह बारिश न केवल तापमान में गिरावट लाएगी, बल्कि वायु गुणवत्ता में भी सुधार करेगी। अनुमान के मुताबिक, अधिकतम तापमान 34-36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 26-28 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है।
क्या कहता है IMD का पूर्वानुमान?
IMD की ताज़ा रिपोर्ट में बताया गया है कि बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में बने कम दबाव के क्षेत्रों के कारण मानसूनी गतिविधियां तेज हुई हैं। इसके कारण अगले तीन दिनों तक कई हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
क्या बरतें सावधानी?
पहाड़ी इलाकों में यात्रा कर रहे लोग भूस्खलन की संभावनाओं को ध्यान में रखें।
भारी वर्षा के चलते निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है, इसलिए सतर्क रहें।
वाहन चलाते समय सतर्कता बरतें और अनावश्यक यात्रा से बचें।
इन राज्यों में भी अलर्ट
देश के कई हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी को गंभीरता से लेने की आवश्यकता है। दिल्ली समेत अन्य प्रभावित राज्यों में आम जनजीवन पर इसका प्रभाव पड़ सकता है। समय रहते सतर्कता और सावधानी अपनाना जरूरी है।उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, असम, मेघालय और पश्चिम बंगाल में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। इन क्षेत्रों में जलभराव, भूस्खलन और नदियों के जलस्तर में वृद्धि की स्थिति बन सकती है। वहीं, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भी गरज-चमक के साथ तेज बारिश के संकेत मिले हैं।