मेरठ के गढ़ रोड स्थित न्यूटिमा अस्पताल में वजन कम कराने के लिए भर्ती हुई एक महिला की ऑपरेशन के बाद मौत हो गई. महिला के परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया और अस्पताल के बाहर जमकर हंगामा किया. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. महिला के पति ने डॉक्टर के खिलाफ शिकायत दी है, लेकिन रात तक मुकदमा दर्ज नहीं हुआ था.
क्या है पूरा मामला?
सदर बाजार निवासी ब्रजमोहन गुप्ता जो टेंट कारोबारी हैं, उनकी 55 वर्षीय पत्नी रजनी गुप्ता का वजन 123 किलो था. वजन कम कराने के लिए वह 11 जुलाई को न्यूटिमा अस्पताल में भर्ती हुई थीं. उनका ऑपरेशन डॉक्टर ऋषि सिंघल ने किया.
रजनी गुप्ता के बेटे शुभम गुप्ता के मुताबिक, 12 जुलाई को ऑपरेशन के बाद उनकी मां के पेट में तेज दर्द हुआ, लेकिन डॉक्टर ने इस पर ध्यान नहीं दिया. 13 जुलाई को एक्स-रे में पता चला कि ऑपरेशन के दौरान पेट में लीकेज रह गया है और दाहिनी तरफ पस बन गई है. इलाज में देरी होने से हालत बिगड़ती गई और मंगलवार दोपहर उनकी मौत हो गई.
परिजनों का आरोप और हंगामा
महिला की मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने अस्पताल के बाहर हंगामा शुरू कर दिया. मौके पर सीओ सिविल लाइन अभिषेक तिवारी और सीएमओ डॉ. अशोक कटारिया पहुंचे और कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद लोगों को शांत किया गया. रजनी गुप्ता भाजपा के महामंत्री अरविंद मारवाड़ी की बहन थीं. वह भी मौके पर पहुंचे थे.
डेढ़ साल में 60 किलो वजन घटाने का था दावा
परिवार ने बताया कि डॉक्टर ने ऑपरेशन के डेढ़ साल में 60 किलो वजन घटाने का दावा किया था. यहां तक कि ऑपरेशन के 24 घंटे बाद 30 किलो वजन कम होने की बात कही गई थी.
बेटी का ऑपरेशन रहा सफल
रजनी गुप्ता के साथ उनकी बेटी शिवानी गुप्ता ने भी वजन घटाने के लिए इसी अस्पताल में ऑपरेशन कराया था. शिवानी का ऑपरेशन सफल रहा. दोनों ने फेसबुक पर चल रहे विज्ञापन देखकर अस्पताल और डॉक्टर से संपर्क किया था. शिवानी का वजन भी 120 किलो था. फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग की जा रही है.