उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का दिल्ली दौरा सियासी हलचल के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है. पंचायत चुनाव और आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुटी बीजेपी अब संगठन और सरकार में बड़े बदलाव की ओर बढ़ रही है. सूत्रों की मानें तो इस दौरे के दौरान सीएम योगी पार्टी के शीर्ष नेताओं से मुलाकात कर प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति और कैबिनेट विस्तार जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा कर सकते हैं.
यूपी में बदलाव की आहट
2025 में प्रस्तावित पंचायत चुनाव को 2027 के विधानसभा चुनाव का सेमीफाइनल माना जा रहा है. ऐसे में बीजेपी अब मिशन मोड में नजर आ रही है. दिल्ली में योगी की यह सक्रियता इसी रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है. बताया जा रहा है कि सीएम योगी की मुलाकात बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, गृहमंत्री अमित शाह और अन्य शीर्ष नेताओं से हो सकती है.
संगठन में बड़ा फेरबदल संभव
भाजपा के संगठन चुनाव की प्रक्रिया के तहत जल्द ही नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति की जानी है. जिलाध्यक्षों की सूची सामने आने के बाद से ही यह चर्चा तेज है कि पार्टी जल्द नए प्रदेश अध्यक्ष का एलान कर सकती है. सूत्रों की मानें तो मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी को नई भूमिका मिल सकती है. उन्हें कैबिनेट में शामिल कर बड़ा विभाग सौंपा जा सकता है.
कैबिनेट विस्तार की तैयारी
दिल्ली दौरे की सबसे बड़ी वजहों में यूपी कैबिनेट का संभावित विस्तार भी शामिल है. सूत्रों के मुताबिक, 6 नए चेहरों को मंत्री बनाया जा सकता है. इसके अलावा मौजूदा मंत्रियों के विभागों में भी फेरबदल की संभावना जताई जा रही है. सीएम योगी की पार्टी नेताओं से मुलाकात के दौरान संभावित नामों पर अंतिम मुहर लग सकती है.
राष्ट्रपति से हो चुकी है मुलाकात
बता दें कि सीएम योगी ने अपने दौरे की शुरुआत में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात भी की थी. इसके बाद लगातार उनका पार्टी नेतृत्व से संवाद जारी है.
क्या-क्या हो सकता है फैसला?
नए प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति
कैबिनेट विस्तार और नए चेहरों का चयन
मंत्रियों के विभागों में बदलाव
चुनाव की रणनीति और संगठन मजबूती पर फोकस
सीएम योगी का यह दौरा इसलिए भी अहम है क्योंकि इससे ना सिर्फ सरकार में नई ऊर्जा का संचार होगा, बल्कि संगठन को भी नई दिशा मिल सकती है. पंचायत चुनाव से पहले बीजेपी का यह बड़ा सियासी दांव माना जा रहा है.