गर्मी का मौसम आते ही इंसान ही नहीं पेड़-पौधों के लिए भी संघर्षमय हो जाता है। तेज धूप और गर्म हवाएं नमी को खत्म कर देती हैं, ऐसे में पौधों को विशेष देखभाल की जरूरत पड़ती है। इस मौसम में सही समय पर पानी देना, मिट्टी की नमी बनाए रखना और पौधों के लिए छाया की व्यवस्था करना बेहद जरूरी होता है। सही तरीके अपनाकर आप गर्मियों में भी अपना बगीचा हरा-भरा और खूबसूरत बना रख सकते है।
कैसे करें गर्मियों के दिनों में पौधों की सही देखभाल....
गर्मियों में तेज धूप और अधिक तापमान के कारण पौधों के सूखने का खतरा बढ़ जाता है। इसलिए पौधों की सही देखभाल के लिए सुबह सूरज उगने से पहले या शाम सूरज ढलने के बाद पानी देना चाहिए। इससे नमी ज्यादा समय तक बनी रहती है।मई-जून के महीने में पौधों में कम-से-कम दो बार पानी देना चाहिए। याद रखें कि पानी की मात्रा सीमित होनी चाहिए क्योंकि अधिक पानी से कुछ पौधों की जड़ें सड़ सकती हैं।
इसके अलावा मिट्टी की सतह पर सूखी घास, लकड़ी के बुरादे, नारियल के छिलके या भूसी की परत बिछाएं। इससे मिट्टी में नमी बनी रहती है और पौधे गर्मी से सुरक्षित रहते हैं।
गर्मियों में पौधों के लिए जैविक खाद का करें प्रयोग....
गर्मी का मौसम हो या फिर ठंडी और बरसात, पौधों के लिए हमेशा जैविक खाद का इस्तेमाल ही करना चाहिए। यह न केवल मिट्टी की उर्वरता बढ़ाती है, बल्कि पर्यावरण के लिए भी सुरक्षित होती है। हमेशा गोबर खाद या वर्मी कम्पोस्ट खाद का इस्तेमाल करना चाहिए। वर्मी कम्पोस्ट को केंचुआ खाद भी कहते हैं।
यह पौधों के लिए बेहद फायदेमंद है। यह मुख्य रूप से सब्जियों, फूलों के पौधों के लिए ज्यादा उपयुक्त मानी जाती है। यह खाद केंचुओं द्वारा जैविक कचरे को विघटित करके तैयार की जाती है, जिससे मिट्टी में आवश्यक पोषक तत्व बढ़ जाते हैं।