
Yogi government: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ शब्दों में कहा है कि राज्य की शांति भंग करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। शुक्रवार देर रात उन्होंने शासन स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कानून-व्यवस्था की समीक्षा की और उपद्रवियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति दोहराई। सीएम योगी ने निर्देश दिया कि हर उपद्रवी के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और हिंसा के मास्टरमाइंड की संपत्ति की जांच कर कार्रवाई हो। उन्होंने कहा कि दशहरा बुराई के दहन का पर्व है और सरकार उपद्रवियों को ऐसी सज़ा देगी कि वे दोबारा ऐसी हरकत करने की हिम्मत भी नहीं करेंगे।
ग्राम पंचायतों के विकास पर जोर
बैठक के अलावा सीएम योगी ने प्रदेश के 57 हजार से अधिक ग्राम प्रधानों और सदस्यों से वर्चुअल संवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश का विकास तभी संभव है जब ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत मजबूत हों। योगी ने बताया कि कई पंचायतों ने ‘विकसित उत्तर प्रदेश’ के विजन को साकार करने के लिए अभी से अपने कार्यक्रम शुरू कर दिए हैं। उन्होंने कहा कि विधानसभा में हाल ही में हुई लंबी चर्चा का भी यही उद्देश्य था कि भारत के विकास में उत्तर प्रदेश अग्रणी भूमिका निभाए।
यूपी की अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव
सीएम योगी ने राज्य की अर्थव्यवस्था का जिक्र करते हुए कहा कि 2016-17 में उत्तर प्रदेश देश में सातवें-आठवें नंबर पर था। उस समय राज्य की जीएसडीपी लगभग 12.75 लाख करोड़ रुपये और प्रति व्यक्ति आय सिर्फ 43,000 रुपये थी। मात्र आठ सालों में यह स्थिति बदल गई है और मौजूदा वित्तीय वर्ष के अंत तक यूपी की जीएसडीपी 35 लाख करोड़ तक पहुंच जाएगी। योगी ने इसे मेहनत, बेहतर नीतियों और योजनाओं का परिणाम बताया और कहा कि प्रदेश अब देश की अर्थव्यवस्था में अहम योगदान देने की स्थिति में है।