Viral News: ओडिशा के ढेंकानाल शहर में शनिवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक पूर्व ओएसएपी कॉन्स्टेबल मोबाइल टावर पर चढ़ गया और नौकरी बहाली के साथ अपनी कैंसर पीड़ित मां के इलाज के लिए सरकारी मदद की मांग करने लगा। टाउन थाना के पास स्थित मोबाइल टावर पर चढ़े युवक को नीचे उतारने के लिए पुलिस, फायर सर्विस और प्रशासन की टीमों को करीब 15 घंटे तक मशक्कत करनी पड़ी। लंबे समझाने-बुझाने और आश्वासन के बाद आखिरकार युवक सुरक्षित नीचे उतर आया।
नौकरी से हटाए जाने से था नाराज
प्रदर्शनकारी की पहचान कामाख्यानगर थाना क्षेत्र के सोगर गांव निवासी रुद्र नारायण दास के रूप में हुई। रुद्र का आरोप था कि उन्हें अन्यायपूर्ण तरीके से नौकरी से निकाल दिया गया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2018 में उनकी नियुक्ति प्रथम ओएसएपी बटालियन में कॉन्स्टेबल के रूप में हुई थी, लेकिन ट्रेनिंग के दौरान तबीयत बिगड़ने के बाद मेडिकल रेस्ट दिया गया। बाद में ड्यूटी पर लौटने पर उन्हें सेवा से हटा दिया गया।
मां के इलाज के लिए मांगी मदद
रुद्र ने कहा कि उनकी मां कैंसर से पीड़ित हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद खराब हो चुकी है। नौकरी जाने के बाद उन्होंने कई सरकारी दफ्तरों और अधिकारियों से मदद की गुहार लगाई, लेकिन कहीं से राहत नहीं मिली। इसी से परेशान होकर उन्होंने मोबाइल टावर पर चढ़कर विरोध प्रदर्शन शुरू किया। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर भारी संख्या में लोग जुट गए।
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पेट्रोल डालकर आग लगाने की दी धमकी
स्थिति उस समय और गंभीर हो गई जब रुद्र ने अपने पास रखी पेट्रोल की बोतलें दिखाकर खुद को आग लगाने की धमकी दी। इसके बाद प्रशासन ने बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। ODRAF, फायर सर्विस और पुलिस की टीमों ने टावर के नीचे सुरक्षा जाल लगाया और हाई प्लेटफॉर्म मशीन की मदद से उन्हें सुरक्षित उतारने की कोशिश की। हालांकि कई बार बचाव दल को पीछे हटना पड़ा ताकि कोई बड़ा हादसा न हो सके।
आश्वासन के बाद सुरक्षित नीचे उतरा युवक
करीब 15 घंटे तक चले इस हाईवोल्टेज ड्रामे के दौरान अधिकारी, दोस्त और परिजन लगातार रुद्र को समझाते रहे। तेज गर्मी और लंबे समय तक टावर पर रहने से उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। इसी दौरान उनके जीजा और प्रशासनिक अधिकारियों ने बातचीत कर उन्हें भरोसा दिलाया, जिसके बाद वह नीचे उतरने के लिए तैयार हो गए। फायर सर्विस की टीम ने उन्हें सुरक्षित नीचे उतारा और तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।