
दुबई में खेले गए एशिया कप 2025 के 17वें सीजन के 18वें मुकाबले में भारत ने रोमांचक जीत दर्ज की। यह मैच सुपर ओवर तक खिंचा और आखिरकार भारतीय टीम ने जीत का परचम लहराया। हालांकि इस जीत के साथ ही कप्तान सूर्यकुमार यादव की चिंता भी बढ़ गई है, क्योंकि कई खिलाड़ियों को इस मैच के दौरान क्रैम्प की समस्या झेलनी पड़ी थी।
खिलाड़ियों की फिटनेस बनी चुनौती
इस मैच खत्म होने के बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव ने साफ कहा कि फिलहाल फाइनल पर ध्यान देने से ज्यादा जरूरी खिलाड़ियों की रिकवरी है। उन्होंने कहा कि “कई खिलाड़ियों को आज काफी क्रैम्प हुआ है। हमारे पास एक दिन का समय है, जिसमें लड़कों को रिकवरी करनी होगी। उसके बाद हम फाइनल में उसी आत्मविश्वास और ऊर्जा के साथ उतरेंगे, जैसे आज मैदान में खेले।”
"यह मुकाबला फाइनल जैसा था"
इसके साथ ही सूर्यकुमार ने इस जीत को यादगार बताते हुए कहा कि श्रीलंका के खिलाफ यह मैच फाइनल जैसा महसूस हुआ। उन्होंने हंसते हुए कहा कि “लड़कों ने पहली पारी और दूसरी पारी, दोनों में जबरदस्त प्रदर्शन किया। मैच से पहले मैंने उनसे कहा था कि इसे सेमीफाइनल की तरह खेलो। जीत हमेशा मनोबल बढ़ाती है।”
संजू और तिलक की तारीफ
वहीं सूर्यकुमार यादव ने टीम इंडिया की बल्लेबाजी की रीढ़ रहे संजू सैमसन और तिलक वर्मा की भी जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि “जिस तरह दोनों ने मुश्किल समय में जिम्मेदारी ली और शानदार बल्लेबाजी की, वह तारीफ के काबिल है। टीम को उनकी पारी ने एक मजबूत नींव दी।”
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अर्शदीप बने सुपर ओवर के हीरो
इस मैच के असली हीरो अर्शदीप सिंह रहे, जिन्होंने सुपर ओवर में शानदार गेंदबाजी की। कप्तान ने उन पर भरोसा जताते हुए कहा कि “अर्शदीप कई बार ऐसी स्थिति में रहे हैं। मैंने उनसे बस यही कहा था कि अपनी योजनाओं पर भरोसा रखो और ज्यादा मत सोचो। उनका आत्मविश्वास सब कुछ कहता है। सुपर ओवर के लिए उनसे बेहतर कोई विकल्प नहीं था।”
फाइनल से पहले रणनीति साफ
भारत पहले ही फाइनल में जगह बना चुका है लेकिन खिलाड़ियों की फिटनेस एक बड़ी चुनौती बनकर सामने खड़ी है। वहीं ऐसे हालात में कप्तान का मानना है कि टीम के लिए सबसे अहम खिलाड़ियों की फिटनेस और मानसिक तैयारी होगी। उन्होंने दोहराया कि लड़कों से वह यही चाहते हैं कि वे अपनी योजनाओं को साफ रखें, उस पर अमल करें और बिना डर के मैदान में उतरें।