
Big revelation in Bareilly violence: उत्तर प्रदेश के बरेली में बीते शुक्रवार (26 सितंबर) को ‘आई लव मुहम्मद’ कैंपेन के नाम पर भड़की हिंसा को लेकर पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। दर्ज की गई एफआईआर में इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल (IMC) प्रमुख मौलाना तौकीर रजा को आरोपी नंबर-1 बनाया गया है। पुलिस का आरोप है कि तौकीर रजा ने अपने समर्थकों को उकसाया और माहौल बिगाड़ने के लिए निर्देश दिए। हिंसा के दौरान भीड़ ने पुलिस पर पथराव, फायरिंग और पेट्रोल बम से हमला किया, जिसमें 10 पुलिसकर्मी घायल हुए।
पेट्रोल बम और अवैध हथियार मिले
पुलिस की एफआईआर के अनुसार, हिंसा में अपराधियों को पहले से शामिल किया गया था। भीड़ ने पुलिस पर अवैध हथियारों से फायरिंग की और पेट्रोल बम फेंके। पुलिसकर्मियों की वर्दी फाड़ी गई, डंडे छीने गए और कई जवान गंभीर रूप से घायल हुए। पुलिस का कहना है कि यह हिंसा एक सोची-समझी साजिश के तहत की गई थी। घटनास्थल से भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद हुए हैं, जिनका इस्तेमाल पुलिस पर हमले के लिए किया गया।
गिरफ्तारियां तेज, तौकीर रजा जेल भेजे गए
अब तक पुलिस 8 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि 10 एफआईआर में 2000 से ज्यादा लोगों के नाम दर्ज हैं। प्रशासन ने इंटरनेट सेवा 48 घंटे के लिए बंद कर दी थी। डीआईजी अजय कुमार साहनी ने इसे पूर्वनियोजित साजिश बताते हुए कहा कि यह पश्चिमी यूपी की शांति भंग करने की कोशिश थी। वहीं, बरेली एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि 90% लोग शांतिपूर्ण थे, लेकिन उपद्रवी तत्वों ने माहौल बिगाड़ा। तौकीर रजा और उनके करीबियों की संपत्तियों पर भी कार्रवाई शुरू हो चुकी है। नगर निगम ने उनके सहयोगी नफीस की मार्केट सील करने का नोटिस जारी किया है।