CID reached Abhishek Banerjee house: पश्चिम बंगाल में कथित हस्ताक्षर जालसाजी मामले की जांच अब तेज होती नजर आ रही है। इसी सिलसिले में राज्य की सीआईडी टीम तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी के आवास पहुंची। जांच एजेंसी ने उन्हें पहले समन जारी कर पूछताछ के लिए उपस्थित होने को कहा था। निर्धारित तिथि पर पेश न होने के बाद सीआईडी अधिकारियों ने सीधे उनके निवास पर पहुंचकर मामले से जुड़े सवालों के जवाब लेने की कोशिश की।
पहले भी दिया गया था समन
सीआईडी ने 30 मई को अभिषेक बनर्जी को समन देने का प्रयास किया था। जांच एजेंसी की एक टीम सबसे पहले उनके हरीश मुखर्जी रोड स्थित पते पर पहुंची थी, लेकिन वहां उन्हें बताया गया कि सांसद मौजूद नहीं हैं। बाद में अधिकारियों ने उनके दूसरे आवास पर संपर्क किया, जहां काफी प्रयासों के बाद उन्हें नोटिस सौंपा गया। जांच एजेंसी ने उन्हें सोमवार को पेश होने के लिए कहा था।
किस मामले में हो रही है जांच?
यह पूरा मामला विधानसभा से जुड़े कथित हस्ताक्षर और जालसाजी विवाद से संबंधित बताया जा रहा है। सीआईडी इस मामले में विभिन्न दस्तावेजों और हस्ताक्षरों की जांच कर रही है। एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि विवादित दस्तावेजों में किसी प्रकार की फर्जीवाड़े की संभावना है या नहीं। इसी क्रम में कई नेताओं और जनप्रतिनिधियों से पूछताछ की जा चुकी है।
कई नेताओं से हो चुकी है पूछताछ
जांच के दौरान सीआईडी पहले ही तृणमूल कांग्रेस के कई नेताओं और विधायकों से पूछताछ कर चुकी है। अधिकारियों ने उनसे हस्ताक्षर और लिखावट के नमूने भी लिए हैं, ताकि दस्तावेजों का वैज्ञानिक परीक्षण कराया जा सके। जांच एजेंसी का कहना है कि सभी तथ्यों और साक्ष्यों को एकत्र करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
राजनीतिक गलियारों में बढ़ी चर्चा
अभिषेक बनर्जी के आवास पर सीआईडी टीम के पहुंचने के बाद राज्य की राजनीति में इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। तृणमूल कांग्रेस और विपक्षी दल इस घटनाक्रम पर अपनी-अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। फिलहाल जांच एजेंसी मामले की तह तक पहुंचने के लिए दस्तावेजी साक्ष्य और संबंधित व्यक्तियों के बयानों को जोड़कर जांच आगे बढ़ा रही है।