CM Fadnaviss big statement: महाराष्ट्र विधानसभा में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई को लेकर चल रही अलगाव की चर्चाओं को पूरी तरह खारिज किया। उन्होंने कहा कि इसमें कोई संदेह नहीं होना चाहिए कि मुंबई महाराष्ट्र का अभिन्न हिस्सा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हर चुनाव के दौरान इस तरह की बातें उठती हैं, लेकिन हकीकत यह है कि मुंबई पहले भी महाराष्ट्र की थी, आज भी है और भविष्य में भी हमेशा महाराष्ट्र का ही हिस्सा रहेगी। उन्होंने महाराष्ट्र को शहीदों के बलिदान से बना एकजुट और मजबूत राज्य बताया।
इतिहास और विचारधारा पर जोर
सीएम फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र छत्रपति शिवाजी महाराज के आदर्शों और डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के संविधान के रास्ते पर चलता रहेगा। उन्होंने बताया कि शिक्षा के क्षेत्र में भी ऐतिहासिक सुधार किए गए हैं। अब सीबीएसई के पाठ्यक्रम में छत्रपति शिवाजी महाराज और मराठा साम्राज्य के इतिहास को विस्तार दिया गया है, जिससे देशभर के छात्र सही और संतुलित इतिहास पढ़ सकेंगे।
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अर्थव्यवस्था और निवेश की स्थिति
मुख्यमंत्री ने राज्य की आर्थिक सेहत पर भी सदन में भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि सामाजिक योजनाओं और किसानों की मदद के बावजूद महाराष्ट्र ने अपने राजकोषीय घाटे को नियंत्रित रखा है। उन्होंने यह भी कहा कि विदेशी निवेश के मामले में महाराष्ट्र देश में शीर्ष स्थान पर है, जो राज्य की मजबूत अर्थव्यवस्था और विकास क्षमता को दर्शाता है।