Cyclone Ditwa: दक्षिण एशिया इन दिनों चक्रवाती तूफान दित्वा की चपेट में है, जिसने सबसे पहले श्रीलंका में भारी तबाही मचाई। मूसलाधार बारिश, बाढ़ और तेज हवाओं ने यहां 123 लोगों की जान ले ली, जबकि करीब 130 लोग लापता बताए जा रहे हैं। थाईलैंड और इंडोनेशिया सहित तीन देशों में 500 से ज्यादा मौतें हो चुकी हैं और करीब 50 लाख लोग प्रभावित हैं। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, नवंबर खत्म होने से पहले मौसम का यह कहर और बढ़ सकता है। श्रीलंका में बड़ा नुकसान पहुंचाने के बाद दित्वा अब भारत की ओर बढ़ रहा है, जिसे लेकर कई राज्यों में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
भारत में हाई अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि चक्रवात दित्वा उत्तर–उत्तर–पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए 30 नवंबर तक उत्तरी तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिणी आंध्र प्रदेश के तटों के करीब पहुंच सकता है। संभावित खतरे को देखते हुए तमिलनाडु में कई स्कूल बंद कर दिए गए हैं। चेन्नई एयरपोर्ट पर मौसम बिगड़ने के चलते 54 उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। मदुरै, तिरुचिरापल्ली, थूथुकुडी, बेंगलुरु, जाफना और हैदराबाद जाने वाली उड़ानें सबसे ज्यादा प्रभावित हुई हैं। एयरलाइनों ने यात्रियों से हवाई अड्डे पर अनावश्यक यात्रा न करने की अपील की है ताकि सुरक्षा जोखिमों से बचा जा सके।
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भारत ने बढ़ाई राहत अभियान की रफ्तार
श्रीलंका में दित्वा द्वारा मचाई गई भारी तबाही के बाद भारत ने तत्काल सहायता बढ़ा दी है। भारतीय नौसेना श्रीलंका वायुसेना के साथ मिलकर खोज व बचाव अभियान में सक्रिय रूप से जुटी है। समुद्र और तटीय इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने और राहत सामग्री पहुंचाने का काम युद्धस्तर पर जारी है। भारत के दक्षिणी तटीय राज्यों में भी प्रशासन चौबीसों घंटे हालात पर नजर रखे हुए है और लोगों से सतर्क रहने, समुद्र तटों से दूर रहने और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की अपील की गई है।