2026 Monsoon Session: देश में एक साथ चुनाव कराने के प्रस्ताव को लेकर चल रही प्रक्रिया में एक बार फिर समय बढ़ा दिया गया है। लोकसभा ने ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ से जुड़े विधेयकों पर विचार कर रही संयुक्त संसदीय समिति को अपनी रिपोर्ट पेश करने के लिए 2026 के मानसून सत्र तक का अतिरिक्त समय दे दिया है। इससे साफ है कि इस बड़े चुनावी सुधार पर अभी और गहन चर्चा और अध्ययन किया जाएगा।
अतिरिक्त समय
संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) के अध्यक्ष पी. पी. चौधरी ने सदन में प्रस्ताव रखा था कि समिति को अपनी रिपोर्ट तैयार करने के लिए और समय दिया जाए। इस प्रस्ताव को लोकसभा ने मंजूरी दे दी, जिसके बाद अब समिति 2026 के मानसून सत्र के अंतिम सप्ताह तक अपनी रिपोर्ट पेश कर सकेगी।
किन विधेयकों पर हो रही है समीक्षा
समिति वर्तमान में संविधान (129वां संशोधन) विधेयक, 2024 और केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक, 2024 की समीक्षा कर रही है। इन दोनों विधेयकों का मुख्य उद्देश्य देशभर में लोकसभा और राज्य विधानसभा चुनावों को एक साथ कराने की व्यवस्था तैयार करना है।
राष्ट्रीय हित में प्रस्ताव
जेपीसी की बैठक के दौरान समिति अध्यक्ष ने कहा कि ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ किसी राजनीतिक दल का नहीं बल्कि राष्ट्रीय हित का विषय है। उनका मानना है कि इससे चुनाव प्रक्रिया सरल होगी और संसाधनों तथा समय की बचत हो सकेगी।
नेताओं की राय शामिल होगी
बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद ने भी अपने अनुभव साझा किए और कई मुद्दों पर स्पष्टता दी। अब समिति विभिन्न विशेषज्ञों, राजनीतिक दलों और संबंधित पक्षों की राय लेकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी, जिसके आधार पर आगे इस प्रस्ताव को लागू करने पर निर्णय लिया जाएगा।